रिजर्व बैंक के नए गवर्नर रघुराम राजन चालू वित्तवर्ष के दौरान ब्याज दरों में और आधा फीसदी की बढ़ोतरी कर सकते हैं।
विश्लेषकों का मानना है कि महंगाई रिजर्व बैंक की मुख्य चिंता का विषय बनी हुई है।
20 सितंबर को अपनी पहली मौद्रिक समीक्षा में राजन ने उच्च महंगाई का हवाला देते हुए रेपो रेट में चौथाई फीसदी की बढ़ोतरी की थी।
स्टैंडर्ड चार्टर्ड के अर्थशास्त्री का कहना है कि रेपो रेट में बढ़ोतरी से साफ है कि नए गवर्नर का फोकस ग्रोथ की बजाय महंगाई पर बना हुआ है।
ऐसे में अब हमारा अनुमान है कि अगली दो नीतिगत समीक्षाओं में रिजर्व बैंक रेपो रेट में 0.25-0.25 फीसदी की बढ़ोतरी करेगा। 2013 के अंत तक रेपो रेट बढ़कर 8 फीसदी पर हो जाएगा।
जापानी ब्रोकरेज नोमुरा का भी मानना है कि इस वित्तवर्ष में आरबीआई रेपो रेट में आधा फीसदी की और बढ़ोतरी कर सकता है।
नोमुरा के मुताबिक रिजर्व बैंक ने बिना स्पष्टता के अपना फोकस महंगाई की ओर स्थानांतरित कर दिया है।