मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में शुक्रवार को एक बड़े हाईप्रोफाइल हत्याकांड का खुलासा हुआ है। हत्याकांड के आरोपी ने पुलिस को बताया है कि उसने पत्नी की हत्या कर के उसके शव को घर में ही दफना दिया था। बाद में क्रब को चबूतरे के रूप में तब्दील करा दिया था।
यही नहीं वह अकसर ही अपने आवास पर कॉलगर्ल्स को बुलाता था और पत्नी की सिमेंटेड कब्र पर ही उनसे सेक्स करता था। आरोपी के मुताबिक लाश की बदबू से बचने के लिए वह पत्नी की कब्र पर परफ्यूम छिड़ककर कॉलर्गल्स से संबंध बनाता था। भोपाल पुलिस ने इस सनसनीखेज वारदात का खुलासा बृहस्पतिवार - शुक्रवार की दरमियानी रात को किया था।
लिव-इन-रिलेशनशिप में रहने लगे थे दोनों
रात को डेढ़ बजे पुलिस ने आरोपी उदयन दास को घटना स्थल पर ले जाकर चबूतरेनुमा कब्र की खुदाई कराई तो मृतका आकांक्षा उर्फ श्वेता के हाथ का एक हिस्सा बाहर निकल आया। शुक्रवार को हत्या आरोपी उदयन को स्थानीय अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे 15 दिन की ट्रांजिट रिमांड पर कोलकाता पुलिस को सुपुर्द कर दिया गया।
पुलिस के मुताबिक पश्चिम बंगाल के बांकुरा जिले के रहने वाले यूनाइटेड बैंक के मैनेजर देवेंद्र शर्मा की 28 वर्षीय बेटी आकांक्षा 2007 में जयपुर हवाई अड्डे पर पहली बार उदयन से मिली थी। कालांतर में फेसबुक पर दोनों की मित्रता बढ़ी और धीरे-धीरे प्यार में तब्दील हो गई। आकांक्षा अपने पिता के घर को छोड़कर भोपाल में उदयन के साथ रहने भोपाल आ गई थी।
अमेरिका में कोर्ट मैरिज कर ली थी
हालांकि उसने अपने परिजनों को बताया था कि वह अमेरिका में नौकरी कर रही है। उदयन खुद को आईआईटी पास आउट बताता है। उसके पिता भेल भोपाल में बड़े अधिकारी थे जो सेवानिवृत्त हो चुके हैं। मां भी छत्तीसगढ़ पुलिस में डीएसपी से रिटायर हो चुकी हैं और इन दिनों अमेरिका में हैं। पुलिस के अनुसार 32 साल के उदयन के पास भोपाल व रायपुर में करोड़ों की संपत्ति है।
उसकी मां अमेरिका से पैसा अलग भेजती हैं। मकानों के किराए से भी आय होती थी, लिहाजा उदयन शाही जिंदगी जी रहा था। उदयन के मुताबिक 2015 में उसने आकांक्षा से अमेरिका में कोर्ट मैरिज कर ली थी। सूत्रों के मुताबिक उदयन किसी ऐसे शख्स से परेशान था, जो आकांक्षा के संपर्क में था। वह शख्स आकांक्षा के बैंक खाते से पैसे तक निकालता था। इस तीसरे शख्स के बारे में भी पुलिस छानबीन कर रही है।
शरीर को तीन टुकड़ों में काट दिया था
घटनास्थल का जायजा लेने पहुंचे एसपी सालिकराम वर्मा।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, बहराइच
भोपाल के साकेत नगर में रहने वाले उदयन के पड़ोसियों का कहना है कि आकांक्षा जून 2016 में यहां रहने आई थी। बीते दो माह से वह दिखाई नहीं दे रही थी। उदयन के मकान से बदबू भी आई थी, लेकिन संभवत: कोई जानवर मरा हो ऐसा मानकर लोगों ने इस घटना को टाल दिया था।
पुलिस के मुताबिक आरोपी ने दिसंबर के अंतिम हफ्ते में ही आकांक्षा की हत्या कर दी थी। इसके बाद उसने पत्नी के शरीर को तीन टुकड़ों में काट कर अपने घर के ऊपरी हिस्से में एक संदूक में सीमेंट के साथ डालकर बंद कर दिया था। ऊपर से एक प्लेटफार्म का आकार देकर बकायदा टाईल्स लगा दिए थे।