महाराष्ट्र के निजी प्रयोगशालाओं में कोविड-19 की जांच पर फिलहाल रोक लगा दी गई है। निजी प्रयोगशालाओं से कह दिया गया है वे जांच के लिए नमूनों का संग्रह न करें।
देश में कोविड-19 के जांच के दायरे को बढ़ाने के लिए पिछले सप्ताह 43 निजी प्रयोगशालाओं को जांच करने की अनुमति दी गई थी। इन प्रयोगशालाओं में 16 हजार सैंपल कलेक्शन सेंटर हैं, लेकिन अधिकांश में परीक्षण किट की खरीद में मुश्किल हो रही है।
माइलैब एकमात्र कंपनी है जो इन जांच किट्स की आपूर्ति कर रही है। लेकिन वह मांग को पूरा नहीं कर पा रही है।
कोवड-19 जांच किट्स बेचने के लिए जिन अन्य तीन कंपनियों को लाइसेंस मिला है, वे हैं अल्टोना डायग्नोस्टिक्स, सीजेन और बायोसेंसर। लेकिन इसकी वैश्विक मांग अधिक हो गई है। इसके कारण आपूर्ति बाधित हो गई है। इस बीच जांच किट्स की कीमतों में भी बढ़ोत्तरी हुई है।
यूरोप और संयुक्त राज्य अमेरिका में इन किटों की कीमत 50 डॉलर है जबकि भारत में इसकी कीमत लगभग 20 डॉलर है। देश में इसकी कीमत कम होने के कारण भी आपूर्ति में देरी हो रही है। वहीं, आईसीएमआर ने भी स्वीकारा है कि निजी लैब के लिए किट प्राप्त करना मुश्किल है।