मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड से भगवान को बचाने के लिए राजधानी भोपाल के मंदिर खुलने और बंद होने के समय में परिवर्तन किया गया है। पूरा प्रदेश शीतलहर की चपेट में है। ऐसे में भगवान को ठंड से बचाने के लिए मंदिर प्रबंधन की तरफ से मंदिरों के पट खुलने और बंद बदले गए हैं। सुबह और शाम को होने वाली आरती के समय में भी परिवर्तन किया गया है। हालांकि, मंदिरों के समय में परिवर्तन को कोरोना गाइडलाइन के चलते भी किए गए हैं।
परिवर्तित समय के अनुसार अब मंदिर सुबह देर से खुलेंगे और शाम को जल्दी बंद हो जाएंगे। जो मंदिर पहले सुबह 5 बजे खुला करते थे वो अब सुबह 6 बजे खुलेंगे। भोपाल के तीन से ज्यादा बड़े मंदिरों का समय बदला गया है। बिडला मंदिर में श्रद्धालुओं को अब सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक और शाम को 3:30 बजे से लेकर रात 8ः30 बजे तक ही दर्शन कर सकेंगे। बडवाले मंदिर में भक्तों को सुबह 7 बजे से रात 9ः30 बजे तक दर्शन की व्यवस्था की गई है।
शीतलहर से भगवान को बचाने के लिए मंदिरों में विशेष व्यवस्थाएं भी की गई हैं। समय परिवर्तन के साथ ही मंदिरों में भगवान को गर्म कपड़े पहनाएं जा रहे हैं साथ ही अलाव की व्यवस्था भी की जा रही है। इसके साथ ही मंदिर परिसर में आने वाले लोगों को कोरोना महामारी से बचने के लिए मास्क, सेनेटाइजर और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की सलाह दी जा रही है।