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दिवाली से पहले खुशखबरी: बांधवगढ़ में गूंजी नई किलकारी, तूफान की बेटी बांधवी बनी मां, जन्मा नन्हा हाथी

Fri, 17 Oct 2025 05:36 PM IST
उमरिया ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उमरिया

सार

Bandhavgarh Tiger Reserve Umariya :  बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के ताला रेंज स्थित बठान हाथी कैंप में रह रही हथिनी बांधवी ने एक नर हाथी बच्चे को जन्म दिया है। यह उसका पहला बच्चा है। जन्म की खबर फैलते ही वनकर्मियों और महावतों में खुशी की लहर दौड़ गई।
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हथिनी बांधवी ने एक नर हाथी बच्चे को जन्म दिया। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व (उमरिया) के जंगल में तब खुशियों की गूंज सुनाई दी जब ताला रेंज के बठान हाथी कैंप में रह रही हथिनी बांधवी ने एक नर हाथी बच्चे को जन्म दिया। यह उसका पहला बच्चा है। जन्म की खबर फैलते ही बांधवगढ़ के वनकर्मियों और महावतों में खुशी की लहर दौड़ गई। 14 वर्षीय बांधवी पिछले कई महीनों से गर्भवती थी, जिस पर वन विभाग की टीम लगातार नजर रखे हुए थी। जन्म के तुरंत बाद रेंजर अधिकारी ताला और वन्यप्राणी स्वास्थ्य अधिकारी ने मां और बच्चे दोनों का निरीक्षण किया। दोनों स्वस्थ हैं और बांधवी को इस समय पौष्टिक आहार व विशेष देखभाल दी जा रही है।

यह बेहद उत्साहजनक घटना

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बांधवगढ़ के वन अमले के लिए यह बेहद उत्साहजनक घटना है। वर्तमान में बांधवगढ़ में 15 कैंप हाथी हैं और हाल ही में रेस्क्यू की गई एक हथिनी बच्ची को मिलाकर अब इनकी कुल संख्या 16 हो गई है। ये सभी अलग-अलग कैंपों में रहकर जंगल की गश्त और अन्य वन्यजीव प्रबंधन कार्यों में अहम भूमिका निभाते हैं।

बांधवी खुद बांधवगढ़ की बेटी
दिलचस्प बात यह है कि बांधवी खुद बांधवगढ़ की बेटी है। उसका जन्म भी यहीं हुआ था। उसकी मां का नाम तूफान है, जो रिजर्व की एक मजबूत और जानी-मानी हथिनी रही है। पिता की पहचान स्पष्ट नहीं है। अब जब बांधवी खुद मां बनी है, तो वनकर्मी इसे “बांधवगढ़ की नई पीढ़ी का आगमन” मान रहे हैं।

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बच्चे पर देती है अपनी जान
रेंजर अधिकारी ने बताया कि यह प्राकृतिक प्रजनन रिजर्व की अच्छी स्थिति को दर्शाता है। यहां का वातावरण वन्यजीवों के लिए सुरक्षित और अनुकूल है। वहीं, महावतों का कहना है कि बांधवी अपने बच्चे की बहुत सुरक्षा करती है। वह उसे अपनी सूंड से सहलाती है और उसके पास किसी को आसानी से नहीं आने देती।

वन विभाग ने बताया कि मां और बच्चे को अभी कुछ दिन तक निगरानी में रखा जाएगा। उसके बाद उन्हें धीरे-धीरे नियमित कैंप गतिविधियों में शामिल किया जाएगा। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व न सिर्फ बाघों के संरक्षण के लिए मशहूर है, बल्कि यहां हाथियों की देखरेख और प्रजनन में भी लगातार सफलता मिल रही है। बांधवी और उसके बच्चे का जन्म इस दिशा में एक नई उपलब्धि है।

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