उमरिया में पुलिस अपने ही दावे को फेल करती हुई दिखाई दे रही है। यहां एक पशु भरे वाहन को शुक्रवार को पकड़ा गया। कार्रवाई तो हुई है, लेकिन सच्चाई यह है कि पकड़े तब जाते हैं, जब ऐसे कृत्य हुआ करते हैं। बता दें कि उमरिया एसपी प्रमोद कुमार सिन्हा की ओर से अवैध परिवहन के खिलाफ ठोस कार्रवाई करने के लिए सभी थाना और चौकी प्रभारियों को निर्देशित किया गया है।
इसी कड़ी में पाली थाना द्वारा 13 जुलाई को मुखबिर द्वारा प्राप्त सूचना के आधार पर पिकअप क्रंमाक MP-19 GA-6009 में एक व्यक्ति अवैध रूप से भैंस और पडा को क्रूरता पूर्वक भरकर बरघाट बाजार थाना पेंड्रा रोड जिला गोरेला पेंड्रा मरवाही छत्तीसगढ़ से अनूपपुर, शहडोल और उमरिया से होते हुए सतना ले जा रहा था। इसकी सूचना पर शीघ्र कार्रवाई करते हुए नेशनल हाइवे-43 जीरो ढाबा तिराहा के पास नाकाबंदी की गई। शहडोल की तरफ से मुखबिर द्वारा बताए अनुसार आते हुए पिकअप को रोका गया।
चालक से नाम पता पूछने पर चालक द्वारा अपना नाम बंसत कुमार पटेल पिता सुबेलाल पटेल उम्र 27 साल, निवासी ग्राम पुरवा थाना रामपुर बघेलान जिला सतना का होना बताया गया। पुलिस द्वारा वाहन की तलाशी ली गई तो वाहन में पांच नग भैंसा और एक नग पडा निर्दयता पूर्वक ठूस-ठूसकर बांधकर रखे हुआ था। चालक से वाहन में लोड मवेशियों के संबंध में कागजात मांगे गए, लेकिन वह कोई कागजात नहीं दे सका।
इस प्रकार वाहन चालक बंसत कुमार के खिलाफ थाना पाली में अपराध क्रंमाक 321/23 धारा 11(1) घ पशुओं के प्रति क्रूरता का अधिनियम 1960 तथा मोटरयान अधिनियम 1988 की धारा 66/192 (क) MV Act के तहत प्रकरण पंजीबद्ध किया। वाहन जब्त कर छह नग भैंसों को डेयरी में सुरक्षार्थ छोड़ा गया। कार्रवाई में निरीक्षक आरके धारिया, सउनि ताराचंद बघेल, प्रआर 219 योगेश्वर सिंह, प्रआर 49 उमाशंकर सिंह थाना यातायात प्रभारी सूबेदार शरद श्रीवास्तव की महत्वपूर्ण भूमिका रही।