फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

शराबबंदी पर उमा-शिव सामने-सामने: उमा बोलीं- शिवराज से मार्च 2022 तक स्नेह के संबंध बने रहे, अब अबोला कर दिया

Mon, 04 Apr 2022 01:26 PM IST
आनंद पवार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

मध्य प्रदेश में शराबबंदी पर पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आमने-सामने आ गए हैं। उमा भारती के ट्वीट से यह बात सामने आई है। उमा ने कहा कि शराबबंदी पर बात की तो अब शिवराज ने उनसे अबोला कर दिया है। उनके मार्च 2022 तक शिवराज से सम्मान एवं स्नहे के संबंध बने रहे।
विज्ञापन
पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मध्य प्रदेश में शराबबंदी पर भाजपा में ही घमासान मचा हुआ है। इस मामले पर पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती और मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान आमने-सामने आ गए हैं। उमा भारती के ट्वीट से यह बात सामने आई है। उमा ने कहा कि शराबबंदी पर बात की तो अब शिवराज ने उनसे अबोला कर दिया है। उनके मार्च 2022 तक शिवराज से सम्मान एवं स्नहे के संबंध बने रहे।
विज्ञापन

 
पूर्व मुख्यमंत्री उमा भारती ने सोमवार को सोशल मीडिया पर लिखा कि मेरे बड़े भाई शिवराज सिंह चौहान से 1984 से मार्च 2022 तक सम्मान एवं स्नेह के संबंध बने रहे, शिवराज ऑफिस जाते समय या मेरे हिमालय प्रवास के समय या मेरे किसी भजन का स्मरण आने पर या तो मुझसे मिले थे या फोन करते थे। उमा ने कहा कि मैंने शिवराज जी से 2 साल हर मुलाकात में शराबबंदी पर बात की है। अब बात बाहर सामने आ गई है तो भाई ने अबोला क्यों कर दिया है और मीडिया के माध्यम से बात क्यों करने लगे हैं।
 
उमा भारती ने कहा कि शिवराज सिंह ने परसों कहा कि लोग शराब पीना बंद कर दें तो मैं शराब की दुकानें बंद कर दूंगा। जब लोग शराब पिएंगे ही नहीं, दुकानें चलेंगी ही नहीं तो वे तो खुद ही बंद हो जाएंगी। अवैध शराब की बिक्री को रोकने के लिए तो पुलिस एवं प्रशासन की जिम्मेदारी है, यह तो कानून व्यवस्था का सवाल है ।
विज्ञापन

 
उमा ने बताए शराबबंदी के उपाए
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी हमें शुरुआत अहातों में शराब परोसने की व्यवस्था तुरंत बंद करके करनी चाहिए। स्कूल, अस्पताल, मंदिर एवं अन्य निषिद्ध स्थानों के पास शराब की दुकानें भी बंद हों। घर-घर शराब पहुंचाने की घिनौनी व्यवस्था तुरंत रुके। जहां महिलाएं या नागरिक विरोध करें वहां दुकानें ना खोली जाएं। इन्हीं ने तो हमारी सरकार बनाई है।
 
उमा ने कहा कि पहले इतना कर लें, फिर जो वैध एवं उचित स्थान पर शराब की दुकानें हो, वहां फोटो के साथ होर्डिंग लगें कि शराब पीने से क्या-क्या नुकसान होते हैं। फिर जागरूकता अभियान चले, जिसमें सभी धर्मों के साधु संत, सामाजिक संस्थाएं तथा मेरे एवं शिवराज की तरह सभी दलों के नेता शामिल हों।  
विज्ञापन

 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें