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Ujjain: तराना में आदमखोर तेंदुए का आतंक, ग्रामीण पर किया हमला, बछड़े को बनाया शिकार

Thu, 04 Apr 2024 05:31 PM IST
दिनेश शर्मा अमर उजाला, न्यूज डेस्क, उज्जैन

सार

तराना तहसील में एक बार फिर आदमखोर तेंदुए की दहशत शुरू हो गई है, जो कि मौका मिलते ही जानवर हो या मनुष्य हर किसी को अपना शिकार बना लेता है। बुधवार को ग्राम दुबली में रहने वाले रवि सिंह को अपना शिकार बना लिया। 
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तेंदुआ - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उज्जैन जिले की तराना तहसील के ग्रामीण इलाकों में इन दिनों एक तेंदुआ आतंक मचा रहा है। इसने एक ग्रामीण पर हमला कर दिया है, जबकि एक बछड़े की जान भी ले ली। इस घटना के बाद गांव में दहशत फैली हुई है। गांव में आदमखोर तेंदुए के होने की सूचना मिलने के बाद वन विभाग की टीम गांव में पिंजरा लेकर भी पहुंची है। इन्हें यहां से तेंदुआ के पैरों के निशान भी मिले हैं। 
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तराना तहसील में एक बार फिर आदमखोर तेंदुए की दहशत शुरू हो गई है, जो कि मौका मिलते ही जानवर हो या मनुष्य हर किसी को अपना शिकार बना लेता है। बुधवार को ग्राम दुबली में रहने वाले रवि सिंह को अपना शिकार बना लिया, जबकि एक बछड़े पर हमला कर उसकी जान ले ली है। ग्रामीणों की सूचना पर गांव में पिंजरा लेकर पहुंची वन विभाग की टीम ने गांव में तेंदुए के पैरों के निशान भी देखे हैं और पिंजरा लगाकर आदमखोर तेंदुए को पकड़ने का प्रयास भी किया है। 

गांव में दहशत का माहौल
बताया जाता है कि तेंदुए के डर के कारण किसानों ने खेतों पर काम बंद कर दिया है। ग्रामीण घरों से रात में निकलते है तो सुरक्षा के साथ निकलते हैं। गांव के ग्रामीणों ने लोगों से कायथा तराना और मक्सी रोड स्थित ग्रामीण क्षेत्रों में ग्रामीणों को बाइक से रात में अकेले जरूरी काम होने पर ही जा रहे हैं। पिछले दो दिनों से ग्रामीणों को तेंदुआ फिर दिखने लगा है। ग्रामीणों का कहना है कि शीघ्र ही इस तेंदुए को पकड़ा जाए, क्योंकि अब यह तेंदुआ लोगों पर हमला करने लगा है इसके द्वारा कोई बड़ी घटना भी घटित की जा सकती है।
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पहले भी किया जा चुका है तेंदुए को पकड़ने का प्रयास
उज्जैन जिले की तराना तहसील के ग्रामीण इलाकों में पूर्व में भी एक तेंदुआ गांव में लोगों द्वारा देखा जा रहा था, जिसकी सूचना ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को दी गई थी। वन विभाग की टीम ने गांव में पहुंचकर तेंदुए के पैर के निशान के स्थान पर एक पिंजरा भी लगाया था जिसमें एक बकरा भी छोड़ा गया था। कई दिनों तक यह पिंजरा तेंदुए को पकड़ने के लिए लगा रहा लेकिन तेंदुआ पकड़ में नहीं आया।
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