फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Baba Mahakal: भगवान के हो जल्द दर्शन…इसीलिए भक्तों ने खर्च कर दिए करोड़ों रुपये, राशि सुनकर चौंक जाएंगे आप

Wed, 18 Dec 2024 02:59 PM IST
शबाहत हुसैन न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन

सार

Ujjain: विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में 1 जनवरी 2024 से लेकर 13 दिसंबर 2024 तक भले ही 1 अरब 65 करोड़ रुपए का दान आया हो, लेकिन इस दान की राशि के एकत्रित होने से एक बड़ी बात सामने आई है कि इस वर्ष श्रद्धालुओं ने सिर्फ बाबा महाकाल के शीघ्र दर्शन करने के लिए 48 करोड़ 99 लाख 80 हजार 551 रुपए की राशि खर्च की है।

विज्ञापन
बाबा महाकाल के भक्त - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

विश्व प्रसिद्ध बाबा महाकाल के लाखों भक्त प्रतिदिन भगवान के दर्शन कर उनका आशीर्वाद तो लेना चाहते हैं, लेकिन इन दर्शनों के लिए वह अब किसी भी प्रकार का इंतजार नहीं करना चाहते हैं। यही कारण है कि इस वर्ष  मंदिर में आने वाले लगभग 19,59,922 लोगों ने अति शीघ्र दर्शन व्यवस्था के तहत 250 रुपए की रसीद कटवाकर बाबा महाकाल के दर्शन किए हैं। 

विज्ञापन




महाकालेश्वर मंदिर में अतिशीघ्र दर्शन व्यवस्था के बारे में जानकारी देते हुए महाकालेश्वर मंदिर के सहायक प्रशासक मूलचंद जूनवाल ने बताया कि श्री महाकालेश्वर मंदिर में भगवान के दर्शन करने आने वाले श्रद्धालुओं को शीघ्र से शीघ्र भगवान के दर्शन हो सके इसीलिए 250 रुपए प्रति व्यक्ति के हिसाब से रसीद कटवाकर श्रद्धालुओं को भगवान के दर्शन करवाए जाते हैं।

सुबह भस्म आरती के बाद से रात्रि को शयन आरती तक यह व्यवस्था मंदिर के काउंटर पर जारी रहती है। जहां पर कोई भी श्रद्धालु यह रसीद कटवाकर भगवान के दर्शन आसानी से कर सकता है। अतिशीघ्र दर्शन व्यवस्था के तहत भक्तों को भगवान के दर्शन करने में कितना समय लगता है।
विज्ञापन


इसके जवाब में सहायक प्रशासक मूलचंद जूनवाल ने बताया कि कभी-कभी महज 10 से 12 मिनट में भक्तों को यह दर्शन हो जाते हैं, लेकिन जब मंदिर में अत्यधिक भीड़ होती है तब श्रद्धालुओं को 15 से 20 मिनट मे ही भगवान के दर्शन होते हैं, लेकिन फिर भी इस व्यवस्था के चलते श्रद्धालु जल्द से जल्द भगवान के दर्शन कर पाते हैं। 

दिल खोलकर दान करते हैं मंदिर में आने वाले भक्त
ऐसा नहीं है कि बाबा महाकाल के दर्शन करने आने वाले श्रद्धालु सिर्फ और सिर्फ अति शीघ्र दर्शन व्यवस्था पर ही राशि खर्च करते हैं। उनके द्वारा भस्म आरती बुकिंग, अभिषेक, अन्नक्षेत्र, ध्वज बुकिंग व अन्य माध्यम से भी मंदिर में दिल खोलकर दान दिया जाता है। यही कारण है कि इस वर्ष श्री महाकालेश्वर मंदिर को नगद राशि के साथ ही सोने चांदी के आभूषणों के साथ ही लगभग 1 अरब 65 करोड 82 लाख 540 रुपए की आई हुई है। 

मंदिर में आने वाले 10% लोग लेते हैं इस व्यवस्था का लाभ
बताया जाता है कि श्री महाकालेश्वर मंदिर में प्रतिदिन दर्शन करने वाले लगभग 10% लोग अतिशीघ्र दर्शन व्यवस्था का लाभ लेते हैं और बाबा महाकाल के दर्शन करते हैं। इस व्यवस्था के अंतर्गत मंदिर के गेट नंबर 1 और गेट नंबर 4 से भक्तों को प्रवेश दिया जाता है। जोकि नंदी हॉल के पीछे सबसे पहले रेलिंग से बाबा महाकाल के दर्शन करते हैं।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें