उज्जैन में सट्टे के केस में झूठा फंसाने का दबाव बनाकर एक आरक्षक एक लाख के लिए कुछ लोगों को डरा रहा था। लेकिन इन लोगों ने जब आरक्षक से कुछ लेन-देन की बात कही तो सौदा लगभग 25 हजार रुपये में तय हुआ था। इसी राशि को लेकर गुरुवार शाम को आरक्षक को रुपये देने ये लोग पहुंचे थे, जिन्होंने आरक्षक को जैसे ही पैसे दिए वैसे ही लोकायुक्त ने आकर आरक्षक को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया।
जानकारी देते हुए लोकायुक्त डीएसपी सुनील तलेन ने बतायास, मुकेश उर्फ मुकुल धन्नानी के एक दोस्त को कुछ दिनों पहले चिमनगंज थाने के आरक्षक रवि कुशवाह ने सट्टे के मामले में पकड़ा था। उसके बाद आरक्षक रवि कुशवाह उसके अन्य दोस्तों को भी इस मामले में फंसाने को लेकर दबाव बनाते हुए एक लाख रुपये मांग रहा था। इन्हीं रुपयों को लेकर मुकेश यह रुपये देने पहुंचा था। जहां उसने आरक्षक रवि कुशवाह को 25 हजार रुपये दिए थे।
आरक्षक द्वारा यह रुपये हाथ में लेते ही लोकायुक्त के बलवीर यादव, इंस्पेक्टर बसंत श्रीवास्तव और दीपक शेजवार ने रवि कुशवाह को गिरफ्तार कर लिया। डीएसपी सुनील तलेन ने बताया कि कार्रवाई के दौरान जब आरक्षक रवि कुशवाह के हाथ दिलवाए गए तो वह रंगीन हो गए। इस कार्रवाई में आरक्षक का पेंट भी जप्त कर लिया गया है।