फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Ujjain News: सोशल मीडिया विज्ञापन बना साइबर जाल, 786 के फेर में उलझकर शेफ ने गंवाए 3 लाख 66 हजार

Thu, 14 May 2026 04:50 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन

सार

786 नंबर वाले नोटों मिलने के लालच में एक होटल शेफ साइबर ठगी का शिकार हो गया। साइबर ठगों ने अलग-अलग चार्जेस के नाम पर शेफ से 3.66 लाख रुपए ट्रांसफर करवा लिए।
 
विज्ञापन
साइबर ठगों ने शेफ को लगाया लाखों का चूना - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

फेसबुक पर 786 नंबर के विशेष नोट खरीदने का विज्ञापन देखकर एक होटल शेफ साइबर ठगी का शिकार हो गया। ठगों ने 786 नंबर वाले नोटों के बदले 86 लाख रुपए देने का लालच देकर उससे अलग-अलग चार्ज के नाम पर 3 लाख 66 हजार 546 रुपए ठग लिए। मामले का खुलासा होने के बाद पीड़ित ने नानाखेड़ा थाना पुलिस में शिकायत दर्ज करवाई है।

विज्ञापन


टीआई नरेंद्र यादव के अनुसार मूल रूप से नेपाल निवासी 44 वर्षीय मोहन श्रेष्ठा इंदौर रोड स्थित एक होटल में शेफ के रूप में कार्यरत हैं। मोहन ने फेसबुक पर एक विज्ञापन देखा था, जिसमें यूनिक नंबर और 786 वाले नोटों के बदले भारी रकम देने का दावा किया गया था। विज्ञापन में दिए गए मोबाइल नंबर पर संपर्क करने पर आरोपियों ने उसे बताया कि तीन विशेष नोटों के बदले 86 लाख रुपए होम डिलीवरी के जरिए भेजे जाएंगे।

ठगों ने डिलीवरी चार्ज, जीएसटी, रजिस्ट्रेशन और टीडीएस के नाम पर पहले रकम जमा कराने को कहा। झांसे में आकर मोहन ने 28 जनवरी से 10 फरवरी के बीच अलग-अलग किश्तों में कुल 3,66,546 रुपए ट्रांसफर कर दिए। बाद में एक मित्र से बातचीत के दौरान उसे एहसास हुआ कि वह साइबर फ्रॉड का शिकार हो चुका है।
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: MP: भाजपा नेता देवेंद्र केस में ग्रामीणों का फूटा गुस्सा, यहां किया घेराव; कौन दे रहा आरोपियों को संरक्षण?

ठगी का पता चलने पर मोहन ने 1930 साइबर हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज करवाई। जांच के बाद राज्य साइबर सेल ने मामला नानाखेड़ा थाना पुलिस को भेजा। पुलिस ने 1930 साइबर पोर्टल से प्राप्त ई-एफआईआर के आधार पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) और 319(2) के तहत प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

एएसआई राजेश सिंह जाट के निर्देशन में टीम गठित कर आरोपियों की तलाश की जा रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर ठगी गई राशि की रिकवरी का प्रयास किया जाएगा।
विज्ञापन


ठगी का शिकार हुए मोहन ने लोगों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर दिखने वाले ऐसे विज्ञापनों के झांसे में आकर किसी भी प्रकार का भुगतान न करें। वहीं पुलिस ने भी लोगों को सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध ऑनलाइन ऑफर से बचने की सलाह दी है।

 

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें