फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

AI का गजब उपयोग: महाकाल आए युवक ने जूता खो जाने पर ली चैटजीपीटी की मदद, चंद सेकंड में मिल गई सफलता

Sun, 16 Aug 2026 07:39 PM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन

सार

उज्जैन के महाकाल मंदिर में शुभांग बोरकर ने 1000 से ज्यादा जूते-चप्पलों के बीच अपना खोया जूता ChatGPT की मदद से ढूंढ लिया। उन्होंने अपने जूते और जूता स्टैंड की तस्वीरें AI को भेजीं, जिसके बाद तस्वीरों का विश्लेषण कर ChatGPT ने जूते की पहचान कर दी। उनका वीडियो वायरल हो गया। 
विज्ञापन
जूतों की भीड़ में चैटजीपीटी की मदद से तलाशा जूता - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी AI का इस्तेमाल आमतौर पर लोग पढ़ाई, नौकरी या कंटेंट बनाने के लिए करते हैं, लेकिन उज्जैन के महाकाल मंदिर से सामने आया एक वीडियो बता रहा है कि अब AI रोजमर्रा की छोटी-छोटी परेशानियों का भी हल निकाल सकता है। यह अनोखा कारनामा किया है शुभांग बोरकर ने जो कि कुछ दिनों पहले महाकाल मंदिर में दर्शन करने आए थे, लेकिन जब वह मंदिर से बाहर निकले तो उनके सामने 1000 से ज्यादा जूते-चप्पलों का ढेर लगा था। भीड़ में अपना जूता ढूंढना किसी चुनौती से कम नहीं था। समय बचाने के लिए शुभांग ने दिमाग लगाया। उन्होंने अपने जूते की पुरानी फोटो ली, फिर मंदिर के बाहर लगे जूतों के ढेर की तस्वीर खींची। दोनों फोटो के साथ उन्होंने पूरी परेशानी ChatGPT  को भेज दी और पूछा- इस ढेर में मेरा जूता कहां है? AI ने भी जासूस की तरह काम किया। ChatGPT ने जूते के रंग, डिजाइन और पैटर्न को लेकर कुछ सवाल पूछे। फिर तस्वीरों का विश्लेषण करके मिनटों में बता दिया कि ढेर में शुभांग का जूता कहां रखा है।

विज्ञापन


वीडियो वायरल, लोग ले रहे मजे
शुभांग ने इस पूरे एक्सपेरिमेंट का वीडियो बनाकर इंस्टाग्राम अकाउंट पर शेयर किया। वीडियो देखते ही देखते वायरल हो गया। लाखों लोगों ने देखा और हजारों लाइक्स मिले। अब लोग कमेंट में लिख रहे हैं - AI भी सोच रहा होगा, पढ़ाई-लिखाई ठीक थी, अब मुझसे जूते भी ढूंढवाएंगे। जब कि कुछ लोगों ने लिखा - ये है असली टेक-हैक !

ये भी पढ़ें- डिलीवरी बैग के अंदर युवक का शव मिलने से सनसनी, चार दिन पुरानी लाश से आ रही बदबू ने खोला राज
विज्ञापन


ChatGPT बना जूता जासूस
शुभांग ने तुरंत अपने जूते की एक पुरानी फोटो और मंदिर के बाहर पड़े जूतों के ढेर की तस्वीर खींचकर ChatGPT को भेज दी। उन्होंने AI को अपनी पूरी परेशानी समझाई। ChatGPT ने भी पूरे जासूस वाले अंदाज में काम शुरू किया। AI ने जूते के रंग, डिजाइन और पैटर्न से जुड़े कुछ सवाल पूछे और देखते ही देखते तस्वीरों का विश्लेषण करके ढेर के बीच से सही जूते की लोकेशन बता दी।
विज्ञापन


AI का ऐसा इस्तेमाल देखकर लोग भी हैरान
आमतौर पर लोग ChatGPT का इस्तेमाल सवालों के जवाब जानने, लिखने-पढ़ने, जानकारी हासिल करने या किसी काम में मदद लेने के लिए करते हैं। लेकिन जूता ढूंढने जैसे रोजमर्रा के काम में AI का इस्तेमाल देखकर सोशल मीडिया यूजर्स भी हैरान हैं। वीडियो में शुभांग ने इसी अनुभव को लोगों के साथ शेयर किया है। उनका यह तरीका दिखाता है कि AI का इस्तेमाल सिर्फ पढ़ाई या ऑफिस के काम तक सीमित नहीं है। तस्वीरों को समझने और उनमें मौजूद चीजों की पहचान करने जैसे कामों में भी AI मददगार साबित हो सकता है।

 

सोश्यल मीडिया पर आए यह कमेंटस

 

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें