मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री कमलनाथ और पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के बीच ट्विटर पर जंग छिड़ गई है। शिवराज ने एक के बाद एक लगातार कई ट्वीट कर राज्य सरकार को घेरा। जिसपर कमलनाथ ने पलटवार किया। शिवराज ने कहा, "सतना में मासूम की अपहरण बाद हत्या की घटना हृदय विदारक है। आत्मा हिल गई। पहले भी सतना में दो मासूम भाइयों की अपहरण के बाद हत्या हुई थी, लेकिन सरकार उसके बाद भी नहीं चेती"।
"प्रदेश में कानून-व्यवस्था कहीं नहीं है। सरकार अब तो आंखें खोलो। कितने माता-पिता के बच्चे ऐसे छिनते रहेंगे? क्या आमजन, क्या पत्रकार, क्या पुलिस! सब डरे हुए हैं। अपराधी खुलकर खेल रहे हैं। इंदौर में पत्रकार को चाकू के दम पर लूट लिया गया। चारों तरफ हाहाकार मचा है। अपराधियों में कानून का जरा भी भय नहीं रह गया है। कमलनाथ जी मेरा मध्यप्रदेश ऐसा तो नहीं था! आपने प्रदेश को बर्बाद कर दिया।"
शिवराज ने कहा, "इंदौर में जिन 11 नागरिकों का जीवन डॉक्टर्स की लापरवाही के कारण अंधकारमय हो गया, उन्हें मात्र रु. 50,000 की सहायता राशि देकर क्या कमलनाथ सरकार कोई उपकार कर रही है? उस व्यक्ति की मानसिक अवस्था के बारे में तो सोचें जिसके साथ इतनी बड़ी त्रासदी गैरज़िम्मेदाराना रवैये के चलते हुई!"
उन्होंने आगे कहा कि "इंदौर सीएमएचओ ने 5 दिनों तक आला अधिकारियों से इस मामले को छुपा कर रखा! अस्पताल प्रबंधन के साथ ही शासन-प्रशासन की तरफ से भी यह बहुत बड़ी चूक है। राज्य सरकार से अनुरोध है कि सभी पीड़ितों को उचित सहायता राशि व प्रतिमाह रु.12,000 पेंशन दी जाए जिससे उनका जीवन सुखमय व्यतीत हो सके"।
सीएम कमलनाथ का पलटवार
शिवराज सिंह पर पलटवार करते हुए सीएम कमलनाथ ने ट्वीट किया, "शिवराज जी, यह वही मध्यप्रदेश है जो आपने मुझे बर्बादी की कगार पर लाकर सौंपा था। कानून व्यवस्था की बदतर स्थिति में, अपराधों में, दुष्कर्म में, बेरोजगारी में, कुपोषण में, युवाओं की बेरोज़गारी में नंबर वन बनाकर छोड़ा था।"
कमलनाथ ने कहा, मात्र 8 माह में ही, मैं आपके द्वारा सौंपी इस बदहाल व्यवस्था को दुरुस्त करने में पूरी तत्परता से लगा हूं। आपकी सरकार के समय लगे दागों को धोने में लगा हूं। आप विश्वास रखें, अगले 5 वर्ष में ऐसा मध्यप्रदेश बनाऊंगा कि आपको, अपने 13 वर्ष के कार्यकाल पर शर्म आयेगी"।