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त्विषा शर्मा केस: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली में ट्रायल कराने की याचिका पर गिरिबाला और समर्थ से मांगा जवाब

Fri, 06 Nov 2026 09:10 PM IST
दिनेश शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल

सार

त्विषा शर्मा संदिग्ध मौत मामले में सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली में ट्रायल कराने की याचिका पर गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह से जवाब मांगा है। त्विषा के पिता ने भोपाल में निष्पक्ष सुनवाई प्रभावित होने की आशंका जताई है। सीबीआई भी मध्यप्रदेश से बाहर ट्रायल कराने का समर्थन कर चुकी है।
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त्विषा शर्मा केस - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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राजधानी की हाईप्रोफाइल त्विषा शर्मा की संदिग्ध मौत का मामला अब सुप्रीम कोर्ट में निर्णायक मोड़ की ओर बढ़ता दिखाई दे रहा है। भोपाल में निष्पक्ष सुनवाई को लेकर उठाए गए सवालों के बीच शीर्ष अदालत ने त्विषा की सास और भोपाल की पूर्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश गिरिबाला सिंह तथा पति समर्थ सिंह से जवाब तलब किया है। त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर मामले का ट्रायल भोपाल से दिल्ली स्थानांतरित करने की मांग की है। उनका आरोप है कि गिरिबाला सिंह का न्यायिक और प्रशासनिक हलकों में प्रभाव है, ऐसे में भोपाल में मुकदमे की निष्पक्ष सुनवाई प्रभावित हो सकती है। खास बात यह है कि मामले की जांच कर रही सीबीआई भी पहले ही मध्यप्रदेश से बाहर ट्रायल कराने का समर्थन कर चुकी है। शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट में मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को याचिका पर अपना पक्ष रखने के लिए जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए। दोनों की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता सिद्धार्थ दवे ने जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा, जिसके बाद अदालत ने सुनवाई आगे बढ़ा दी।
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पिता ने जताई निष्पक्ष सुनवाई प्रभावित होने की आशंका
त्विषा के पिता नवनिधि शर्मा ने अपनी याचिका में कहा है कि गिरिबाला सिंह भोपाल की पूर्व जिला न्यायाधीश रह चुकी हैं और न्यायिक व्यवस्था में उनकी गहरी पहचान तथा प्रभाव है। याचिका के मुताबिक, आरोपी प्रभावशाली व्यक्ति हैं। उनके कई पूर्व जूनियर और सहयोगी वर्तमान में भोपाल जिला अदालत में पदस्थ हैं। ऐसे में आशंका है कि प्रभावशाली आरोपियों के कारण मुकदमे की निष्पक्षता प्रभावित हो सकती है। पिता ने गवाहों की सुरक्षा और उन पर संभावित दबाव को लेकर भी चिंता जताई है। इसी आधार पर उन्होंने मुकदमे को दिल्ली स्थानांतरित करने की मांग की है।

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सीबीआई ने भी भोपाल से बाहर ट्रायल का किया समर्थन
सीबीआई ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल अपने जवाब में ट्रायल को मध्यप्रदेश से बाहर स्थानांतरित करने का समर्थन किया है। सीबीआई ने आशंका जताई है कि गिरिबाला सिंह और उनके बेटे समर्थ सिंह के प्रभाव के चलते भोपाल में गवाहों को प्रभावित या भयभीत किया जा सकता है। सीबीआई ने अपने हलफनामे में त्विषा की मौत के बाद घटनास्थल को कथित तौर पर प्रभावित करने और सबूतों से छेड़छाड़ की कोशिश किए जाने के आरोपों का भी उल्लेख किया है। सीबीआई ने जांच के दौरान गिरिबाला सिंह के पद के कथित दुरुपयोग और हस्तक्षेप से जुड़े पहलुओं का जिक्र किया है। हालांकि, ये सभी आरोप और आशंकाएं हैं, जिन पर अदालत में विचार होना बाकी है।
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16 अक्टूबर से भोपाल कोर्ट में ट्रायल पर रोक
सुप्रीम कोर्ट ने 16 अक्टूबर को नवनिधि शर्मा की याचिका पर सुनवाई करते हुए भोपाल सेशन कोर्ट में चल रही ट्रायल की कार्यवाही पर रोक लगा दी थी। उस दौरान अदालत ने सीबीआई, गिरिबाला सिंह और समर्थ सिंह को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। अब आरोपियों से जवाब तलब किए जाने के बाद मामले में अगली कानूनी प्रक्रिया उनके पक्ष के सामने आने पर आगे बढ़ेगी। सुप्रीम कोर्ट के कंप्यूटरीकृत केस स्टेटस के अनुसार, मामले की अगली सुनवाई 19 नवंबर 2026 को संभावित रूप से सूचीबद्ध है। हालांकि, इस तारीख की अंतिम पुष्टि आधिकारिक सूची से ही होगी। अगली सुनवाई में दिल्ली ट्रायल स्थानांतरित करने की मांग पर आगे विचार हो सकता है। उल्लेखनीय है कि त्विषा शर्मा की 12 मई 2026 की रात भोपाल के कटारा हिल्स क्षेत्र में संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हुई थी। उनकी शादी 25 दिसंबर 2025 को समर्थ सिंह से हुई थी। मामले की जांच सीबीआई कर रही है। अब सुप्रीम कोर्ट में चल रही सुनवाई का केंद्र यह सवाल है कि क्या इस मामले का ट्रायल भोपाल में ही चलेगा या निष्पक्ष सुनवाई और गवाहों की सुरक्षा के मद्देनजर इसे दिल्ली स्थानांतरित किया जाएगा। 
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