जुलाई माह के दूसरे सप्ताह में सीधी जिले में मानसून ने जबरदस्त रंग दिखाया है। बीते रविवार 7 जुलाई से लेकर 13 जुलाई तक जिले में अच्छी बारिश दर्ज की गई, जिससे किसानों की उम्मीदों को संजीवनी मिली है। खेतों में नमी लौटने से धान की रोपाई तेज़ी पकड़ चुकी है। हालांकि अधिक बारिश से कई ग्रामीण इलाकों में जलभराव और सड़कों के टूटने की समस्याएं भी देखने को मिली हैं।
तहसीलवार वर्षा विवरण
सीधी: 134.2 मिमी
रामपुर नैकिन: 152.7 मिमी
मझौली: 128.9 मिमी
चुरहट: 117.3 मिमी
कुसमी: 140.5 मिमी
सिहावल: 125.4 मिमी
बहरी: 109.8 मिमी
बारिश से बढ़ी किसानों की आस
किसानों ने बताया कि लंबे समय से सूखे की आशंका बनी हुई थी, लेकिन इस हफ्ते की बारिश ने उम्मीदें जगा दी हैं। खेतों में जुताई और रोपाई का कार्य जोर पकड़ चुका है।
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मौसम वैज्ञानिकों ने जारी किया यलो अलर्ट
मौसम वैज्ञानिक डॉ. आरके दुबे के अनुसार, बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी आ रही है, जिससे अगले तीन से चार दिनों तक मध्यम से भारी वर्षा की संभावना बनी हुई है। उन्होंने कहा कि सीधी जिले में आगामी दिनों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ भारी वर्षा हो सकती है। लोग नदी-नालों के आसपास सतर्क रहें और अनावश्यक यात्रा से बचें।
जलभराव और टूटी सड़कें मुसीबत
रामपुर नैकिन, खड्डी खुर्द, मझरेटी और बहरी क्षेत्र में सड़कों पर कीचड़ और कटाव से वाहन चालकों और पैदल यात्रियों को मुश्किलें झेलनी पड़ रही हैं। कई गांवों का संपर्क मुख्य सड़कों से कट गया है।
प्रशासन ने कसी कमर
प्रशासन ने राहत दलों को अलर्ट मोड पर रखा है। एसडीएम स्तर पर कंट्रोल रूम सक्रिय कर दिए गए हैं और निचले इलाकों में सतर्कता बरतने की अपील की जा रही है।