विधायक और एसपी में हुई बहस
ज्ञापन सौंपने के दौरान विधायक प्रीतम लोधी और एसपी के बीच बहस भी हो गई। विधायक ने एसपी के सामने ही आरोप लगाए कि वह एक विशेष पक्ष का समर्थन कर रहे हैं। प्रीतम लोधी ने कहा कि 30 साल बाद पिछोर को भाजपा ने आजादी दिलाई है। लेकिन, पार्टी के कार्यकर्ताओं पर झूठे मुकदमे लगाए जा रहे हैं, उनकी कोई सुनवाई नहीं हो रही है।
पिछोर जिला नहीं बना तो दिल्ली कूच करेंगे
प्रीतम सिंह लोधी ने वीरांगना अवंतीबाई लोधी के बलिदान दिवस के अवसर पर माधव चौक पर शक्ति प्रदर्शन किया। उन्होंने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने पिछोर को जिला बनाने का वादा किया था। वह मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव से भी मिल चुके हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस आश्वासन नहीं मिला है। अगर, पिछोर को जिला नहीं बनाया गया तो वे जनसमूह के साथ दिल्ली कूच करेंगे।
मेरा प्रदर्शन एसपी के खिलाफ
ज्ञापन देने के बाद विधायक प्रीतम लोधी से पत्रकारों ने सवाल किया कि क्या यह शक्ति प्रदर्शन सरकार के खिलाफ था? तो उन्होंने इससे इनकार कर दिया। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शन एसपी के खिलाफ था। उन्होंने आरोप लगाया कि एसपी अपने सजातीय आरोपियों को गिरफ्तार नहीं कर रहे हैं और उन्हें जांच या अन्य कारणों से संरक्षण दिया जा रहा है। विधायक ने मंच से उतरने के बाद दोबारा मंच पर चढ़कर कहा कि जब-जब एसपी पिछोर आएंगे, काले झंडे दिखाकर उनका विरोध किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस संबंध में वह विधानसभा में प्रश्न भी लगा चुके हैं, लेकिन अब तक उन्हें न्याय नहीं मिला, इसलिए वह विधानसभा नहीं चलने देंगे।
भाजपा कार्यकर्ता कंट्रोल चलाएंगे तो ईमानदारी से चलाएंगे
प्रीतम लोधी ने सभा के बाद कलेक्ट्रेट तक पैदल मार्च निकाला। उन्होंने कहा कि पिछले तीस साल से (केपी सिंह) विधायक थे, तो सभी समूह और कंट्रोल कांग्रेस कार्यकर्ताओं के पास थे। अब भाजपा का विधायक है, तो कंट्रोल और स्वयं सहायता समूह भाजपा कार्यकर्ताओं को मिलना चाहिए। उन्होंने कहा कि भाजपा कार्यकर्ता ईमानदार हैं और वे पूरी ईमानदारी से कार्य करेंगे।