शिवपुरी नगर में स्वच्छता को लेकर नगर पालिका द्वारा अनेक प्रयास किए जा रहे हैं और इन प्रयासों के परिणाम स्वरूप स्वच्छता को लेकर नगर में नगर पालिका को आमजन का सहयोग भी मिल रहा है। लेकिन कुछ दुकानदारों द्वारा बार-बार कहे जाने के बावजूद भी सफाई में सहयोग नहीं किया जा रहा है, जिससे गंदगी फैलकर विभिन्न रोगों को भी जन्म दे रही है।
इन हालात को देखते हुए गायत्री शर्मा अध्यक्ष नगर पालिका परिषद शिवपुरी एवं इशांत धाकड़ मुख्य नगर पालिका अधिकारी नगर पालिका परिषद शिवपुरी के निर्देश पर सोन चिरैया चौराहे पर स्वच्छता की कार्रवाई के समय गंदगी पाए जाने पर दुकानदारों को पुनः समझाया गया कि वह दुकानों के आगे डस्टबीन रखें और चालान की कार्रवाई की गई। इस चालानी कार्रवाई में चाय-जूस वाले, मिठाई वाले और शराब विक्रेता शामिल रहे। इनसे चालान की राशि के रूप में रुपये तीस हजार दो सौ मात्र वसूल किए गए।
इशांत धाकड़ मुख्य नगर पालिका अधिकारी नगर पालिका परिषद शिवपुरी द्वारा अधिक जानकारी देते हुए बताया कि हम नगर की स्वच्छता को बनाए रखने के लिए निरंतर प्रयास करेंगे और गंदगी के खिलाफ हमारी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी। कार्रवाई दल में नगर पालिका परिषद शिवपुरी से योगेश शर्मा स्वास्थ्य अधिकारी, सुधीर मिश्रा राजस्व निरीक्षक के साथ दल में यशपाल जाट, अजय सफाई दरोगा और अन्य अधिकारीगण व कर्मचारीगण शामिल रहे।
पत्रकारों के स्वास्थ्य बीमा के नाम पर कंपनी ने दोगुना बढ़ा दिया प्रीमियम
मप्र सरकार द्वारा पत्रकारों को सुविधा देना तो दूर उनकी बीमा प्रीमियम राशि को भी बढ़ा रही है। इसको लेकर मध्यप्रदेश के पत्रकार संगठनों में आक्रोश है। शिवपुरी में आक्रोशित पत्रकारों ने जनसंपर्क आयुक्त मध्यप्रदेश को कर बीमा प्रीमियम राशि कम करने और अंतिम तिथि बढ़ाने की मांग की गई है।
स्थानीय पत्रकारों ने बताया कि इस वर्ष पत्रकार बीमा योजना की प्रीमियम राशि बढ़ाकर दोगुना कर दी गई है, जिसे घटाने तथा अंतिम तारीख बढ़ाने के विषय का एक ज्ञापन दिया गया। उल्लेखनीय है कि पत्रकारों की बीमा राशि की किश्त भरने की अंतिम तारीख 20 सितंबर है और इस बार पत्रकारों द्वारा जो राशि भरी जाती है, उसे राज्य सरकार ने दोगुना कर दिया है। उदाहरण के तौर पर अधिमान्य पत्रकार की दो लाख रुपये की बीमा राशि की प्रीमियम पिछले वर्ष तक 2900 रुपये थी, जिसे इस बार बढ़ाकर छह हजार रुपये किया गया है।
इस सौ प्रतिशत बेतहाशा वृद्धि के विरोध में स्थानीय पत्रकारों ने जनसंपर्क आयुक्त को आवेदन भेजा है एवं तत्काल इस वृद्धि को वापस लिए जाने की मांग की गई है। स्थानीय पत्रकारों ने बताया कि अंतिम तिथि 20 सितंबर को एक माह के लिए आगे बढ़ाए जाने के साथ ही अधिमान्य पत्रकारों के साथ ही गैर अधिमानय पत्रकारों को भी बीमा प्रीमियम छूट का लाभ दिया जाए, ताकि प्रदेश के पत्रकार सरकार की इस योजना का अधिक से अधिक लाभ उठा सकें।