सांसद केपी यादव से जब पत्रकारों ने पूछा कि अभी तक पूर्व घोषणा के अनुरूप यहां पर शहीद तात्या की याद में संग्रहालय व स्मारक नहीं बन पाया है, जबकि दो साल पहले ही केंद्र सरकार द्वारा इसकी स्वीकृति प्रदान कर दी गई है।
इस दौरान केपी यादव ने पत्रकारों को बताया कि शहीद तात्या टोपे को सरकार भूली नहीं है। तात्या टोपे की याद में एक अंतरराष्ट्रीय स्तर का संग्रहालय बनवाया जाएगा। केपी यादव ने बताया कि संग्रहालय के लिए मेरे द्वारा संसद में मांग रखी गई थी। इसके बाद केंद्र की मोदी सरकार ने इसके लिए डीपीआर प्लान बनाने के निर्देश दिए थे।
संग्रहालय बनाने का काम होगा
पूर्व में डीपीआर प्लान बनाने के लिए कोई मल्टीलेशन कंपनी नहीं मिल पाई जो रिसर्च आदि के साथ तात्या टोपे संग्रहालय बना सके। साथ ही फिर कोविड आ गया जिससे यह मामला लेट हुआ, लेकिन अब दिल्ली में एक मल्टीलेशन कंपनी ने डीपीबार प्लान बनाने का टेंडर लिया है और अब डीपीआर प्लान बनाने काम पूरा होते ही संग्रहालय बनाने का काम होगा।