सीहोर में 22 जून को जितेंद्र बारेला पिता गंगाराम बारेला ने सूचना दी गई कि मेरे बड़े पापा के लड़के सखाराम ने फोन करके बताया कि तुम्हारे पिता शांत हो गए हैं। तो मैं अपने घर आया और आकर देखा तो मेरे पिता गंगाराम बारेला घर के आंगन मे पड़े थे। उनके सिर से खून निकल रहा था। मैंने हिला डुलाकर देखा तो उनके शरीर में कोई हरकत नहीं हो रही थी।
पुलिस ने बताया, सूचना पर मर्ग कायम कर जांच में लिया गया। जांच के दौरान साक्षियों ने बताया कि 22 जून को मृतक के भाई दुर सिंह के नाती अनिल की पत्नी को उसके मायके से मेहमान विदा कराने आए थे। दुर सिंह ने खाने-पीने और मंनोरजन के लिए साउंड बाक्स रखे गए थे। मृतक गंगाराम गाने पर डांस कर रहा था तो उसके बड़े पुत्र शेर सिंह ने उसे डांस करने से मना किया। बताया कि मेहमान लोग आए हैं, आप डांस मत करिए, अच्छा नहीं लग रहा है।
मृतक गंगाराम और उसके बड़े पुत्र शेर सिंह में हाथापाई हो गई तो गंगाराम का भतीजा रंजीत सिंह और भांजा भीम सिंह मृतक गंगाराम को समझा-बुझाकर उसके घर छोड़ आए थे। बाद में शेर सिंह खाना खाकर अपने घर चला गया। बाद मे उसकी मां घर पहुंची तो पिता पुत्र में डांस करने की बात पर से हाथापाई मारपीट होते देख मां ने पिता-पुत्र की लड़ाई का बीच-बचाव किया तो गंगाराम ने अपनी पत्नी को दाहिने गाल पर काट लिया। इसी दौरान मृतक के बेटे शेर सिंह ने फावड़ा उठाकर गंगाराम के सिर पर मारा। फावड़ा उचटकर बानु बाई के सिर पर लगा तो वह जमीन पर गिर गई। इसी दौरान शेर सिंह ने दोबारा फावड़े से अपने पिता के सिर पर वार किया तो वह जमीन पर गिर गया।
फिर शेर सिंह द्वारा वहीं पड़े पत्थर को उठाकर सिर और चेहरे पर वार किया तो मृतक की पत्नी द्वारा अपने बेटे को बोला की क्या तूं अपने पिता को मार ही डालेगा तो शेर सिंह बोला की आज इसे जिंदा ही नहीं छोड़ूगा। जो इसे बचाने आएगा, उसे भी नहीं छोड़ूंगा। जब शेर सिंह ने मृतक के शरीर में कोई हरकत होती न देख अपनी मां को धमकी दिया कि यदि तुने पिता को मारने की बात किसी को या पुलिस को बताई तो तुझे भी पिता की तरह मार डालूंगा औऱ पत्थर व फावड़ा उठाकर अपने खेत में फेक आया। अपनी मोटर साइकिल उठाकर भाग गया। मर्ग जांच और गंगाराम की पत्नी व साक्षीगण के कथनों के आधार पर धारा- 302, 323, 506 भादवि का पाया जाने से अपराध कायम कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस अधीक्षक सीहोर मयंक अवस्थी द्वारा एसडीओपी सीहोर अर्चना अहीर के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी बिलकिसगंज एसआई चिन्मय मिश्रा को घटना के बाद से आरोपी शेर सिंह बारेल 26 साल निवासी ग्राम जूनापानी सालीखेड़ा को शीघ्र गिरफ्तारी करने के निर्देश दिए गए। मामले में गठित टीम ने आरोपी की लगातार तलाश कर आरोपी को नीबूखेड़ा स्थित मस्जिद के पास से गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की। आरोपी से पूछताछ करने पर उसने अपने पिता की हत्या करना स्वीकार किया।