बच्चों को पढ़ने दें, परीक्षा का समय चल रहा है। उनका समय बहुत कीमती है, उन्हें जनसुनवाई में लाकर उनका समय नष्ट न करें। यह बात कलेक्टर बालागुरु के ने जनसुनवाई में आए सीहोर निवासी मंसूरी से कही। सीहोर निवासी मंसूरी माईंड्स आई इंटरनेशनल स्कूल की कक्षा सातवीं में अध्यनरत अपने पुत्र की छात्रवृत्ति नहीं मिलने का शिकायती आवेदन के साथ बच्चे को लेकर जनसुनवाई में आए थे। कलेक्टर बालागुरु ने जनसुनवाई में उपस्थित जिला शिक्षा अधिकारी को इस शिकायत का शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए।
मंगलवार को कलेक्टर बालागुरु के की उपस्थिति में जनसुनवाई आयोजित हुई। कलेक्टर बालागुरु ने जनसुनवाई में जिले भर से आए नागरिकों की समस्याएं सुनी और संबंधित अधिकारियों को त्वरित निराकरण के निर्देश दिए। इसके साथ ही उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवेदन पर की गई कार्रवाई से आवेदनकर्ताओं को अवगत कराने के निर्देश भी दिए। आज हुई जनसुनवाई में 70 आवेदन प्राप्त हुए।
पहले इलाज हुआ, फिर हुई सुनवाई
जनसुनवाई के दौरान श्यामपुर निवासी माया उइके जब जिला पंचायत सीईओ डॉ. नेहा जैन के पास अपना आवेदन लेकर पहुंची तो माया के असहज दिखने पर जिला पंचायत सीईओ डॉ. नेहा जैन ने उनकी तबियत के बारे में पूछा। माया द्वारा स्वयं को अस्वस्थ बताने पर सीईओ डॉ. नेहा जैन ने तुरंत सीएमएचओ को बुलाया और स्वास्थ्य परीक्षण और इलाज के लिए कहा। इलाज के बाद अस्पताल से लौटने पर उसकी शिकायत सुनी और निराकरण के संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए।
ग्राम पंचायतों में भी हुई जनसुनवाई
गांव और पंचायत स्तर की समस्याओं का निराकरण पंचायत स्तर पर ही हो सके, इसके लिए जिला पंचायत सीईओ डॉ. नेहा जैन के निर्देशानुसार ग्राम पंचायतों में जनसुनवाई आयोजित की गई। जन सुनवाई में पंचायत स्तर के शासकीय सेवक उपस्थित रहे और आने वाले ग्राम वासियों की समस्याएं सुनी।
जनसुनवाई में यह मिली शिकायतें
जनसुनवाई में आर्थिक सहायता, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, छात्रवृत्ति, आवास, मुआवजा, अतिथि शिक्षक तथा आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की नियुक्ति, पात्रता पर्ची, बीपीएल कार्ड, रास्ता विवाद तथा नजूल संबंधी सहित अन्य शिकायतें प्राप्त हुईं।