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Satna Weather News: चित्रकूट में बाढ़ जैसे हालात, खतरे के निशन से ऊपर बह रही मंदाकिनी नदी; घरों में घुसा पानी

Sun, 13 Jul 2025 05:38 PM IST
सतना ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सतना

सार

चित्रकूट में भारी बारिश से मंदाकिनी नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर पहुंच गया है। रामघाट समेत प्रमुख घाट पानी में डूब गए हैं, 100 से अधिक दुकानें व घरों में पानी घुस गया है । NDRF-SDRF ने 150 लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है।
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हालात का जायजा लेते अधिकारी।
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विस्तार
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सतना जिले के प्रसिद्ध धार्मिक स्थल चित्रकूट में मंदाकिनी नदी इन दिनों रौद्र रूप धारण किए हुए है। पिछले 48 घंटों से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण नदी का जलस्तर खतरनाक सीमा 131.550 मीटर से ऊपर पहुंच गया है। इसके चलते रामघाट, भरतघाट, तुलसी घाट समेत सभी प्रमुख घाट जलमग्न हो गए हैं। करीब 100 से अधिक दुकानों और दर्जनों घरों में पानी घुस गया है, जिससे व्यापारी और स्थानीय लोग रातोंरात सामान समेटकर सुरक्षित स्थानों की ओर चले गए हैं।
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बाढ़ के कारण रामघाट और तुलसी मंदिर में भारी जलभराव हो गया है। गंगा आरती स्थल पूरी तरह डूब चुका है, जिससे धार्मिक गतिविधियां ठप हो गई हैं। गुप्त गोदावरी गुफा को अस्थायी रूप से बंद कर दिया गया है, वहीं कई होटलों में पानी भरने से पर्यटक फंस गए हैं। प्रशासन और स्थानीय लोगों की मदद से बाढ़ में फंसे श्रद्धालुओं को नावों और रस्सियों की मदद से बाहर निकाला गया।

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NDRF और SDRF ने संभाला मोर्चा
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए NDRF और SDRF की टीमों को राहत कार्य में लगाया गया है। दोनों दलों ने डूब क्षेत्र में फंसे करीब 150 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया है। होमगार्ड और डीआरसी के जवान भी लगातार सक्रिय हैं। बचाव कार्यों में SDRF फ्रेंड नेटवर्क की विशेष भूमिका रही, जिन्होंने स्थानीय नाविकों और वॉलंटियर्स के साथ मिलकर कई परिवारों को रेस्क्यू किया।

प्रशासन की मुस्तैदी, लगातार निगरानी
चित्रकूट के जिलाधिकारी शिवशरणप्पा जीएन और एसपी अरुण कुमार सिंह ने रामघाट का दौरा कर हालात का जायजा लिया। प्रशासन ने लोगों को घाटों और नदी के किनारे न जाने की सलाह दी है। तहसीलदार कमलेश सिंह ने बताया कि प्रभावित लोगों के लिए भोजन, पानी और प्राथमिक चिकित्सा की व्यवस्था की जा रही है। उत्तर प्रदेश और मध्यप्रदेश को जोड़ने वाला आरोग्यधाम क्षेत्र का पुल भी पानी में डूब गया है, जिससे राज्यीय सड़क संपर्क पूरी तरह टूट चुका है।
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अभी और बिगड़ सकते हैं हालात
मौसम विभाग ने आगामी दिनों में और अधिक बारिश की चेतावनी दी है, जिससे स्थिति और भी गंभीर हो सकती है। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि वे अफवाहों से दूर रहें और किसी भी आपात स्थिति में प्रशासनिक हेल्पलाइन या सहायता केंद्रों से संपर्क करें।

 

 

 

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