सागर में बीना-झांसी के बीच तीसरी रेल लाइन डालने का काम चल रहा है। तीसरी लाइन के लिए बीना के करौंदा स्टेशन के पास बने रेलवे के पुराने भवन को तोड़कर मशीन से खुदाई की जा रही थी। खुदाई के समय जेसीबी में पत्थरों के साथ नीचे एक लोहे की तिजोरी दबी हुई निकली। इसकी लंबाई-चौड़ाई और ऊंचाई तीन फीट है। तिजोरी अंग्रेज शासन के समय की हो सकती है। तिजोरी में अंग्रेजों के समय का ताला भी लगा है।
मौके पर खुदाई करवा रहे साइट सुपरवाइजर ने बताया कि तिजौरी मिलने की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में गांव के लोग मौके पर पहुंच गए। वह खुदाई का काम कर रहे कर्मचारियों से तिजोरी देने की बात कर रहे थे। लेकिन कर्मचारियों ने रेलवे संपत्ति बताकर तिजोरी देने से मना कर दिया।
इसके चलते गांव के लोग आक्रोशित हो गए। कर्मचारियों ने सूझबूझ का परिचय देते हुए तिजोरी को डंपर में लोड कराकर बीना थाने भेज दी। ग्रामीणों की माने तो अंग्रेजों के समय में इस प्रकार की तिजोरी में कीमती सामान रखा जाता था। इसलिए आशंका है कि इसमें भी कीमती सामान निकल सकता है। तिजोरी में क्या है, इस मामले में अभी पता नहीं चला है। रेलवे अधिकारियों के आने के बाद तिजोरी खोली जाएगी।