साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर (फाइल फोटो)
- फोटो : ANI
भोपाल से भाजपा उम्मीदवार साध्वी प्रज्ञा ठाकुर ने शनिवार को एक और बड़बोला बयान दिया है। साध्वी का कहना है कि वह बाबरी मस्जिद के ऊपर चढ़ गईं और उसे ध्वस्त कर दिया। जिस पर संज्ञान लेते हुए चुनाव आयोग ने उन्हें आदर्श आचार संहिता का उल्लंघन करने के आरोप में दूसरा नोटिस दे दिया है। मध्यप्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी वीएल कांता राव ने सभी राजनीतिक पार्टियों के लिए दिशा-निर्देश भी जारी किए हैं।
उन्होंने चेतावनी दी है कि लगातार आचार संहिता का उल्लंघन, असयंमित और अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल की वजह से बड़ी कार्रवाई हो सकती है। साध्वी प्रज्ञा ने भोपाल में शनिवार को एक टीवी चैनल के साथ हुई बातचीत में बाबरी मस्जिद को लेकर विवादित टिप्पणी की।
उन्होंने कहा, 'राम मंदिर जरूर बनेगा। एक भव्य मंदिर बनेगा।' जब उनसे पूछा गया कि क्या वह एक समयसीमा बता सकती हैं तो उन्होंने कहा, 'हम मंदिर वहीं बनाएंगे। आखिरकार, हम ढांचे को ध्वस्त करने के लिए गए थे।'
बाबरी मस्जिद को ध्वस्त करने में अपनी भूमिका पर रोशनी डालते हुए साध्वी ने कहा, 'मैंने ढांचे पर चढ़कर उसे तोड़ दिया। मुझे काफी गर्व है कि भगवान ने मुझे यह मौका और ऐसा करने के लिए शक्ति दी, और मैंने उसे कर दिया। अब हम वहीं राम मंदिर बनाएंगे।'
साध्वी के इस बयान के कुछ घंटों बाद ही चुनाव आयोग ने उन्हें दूसरा नोटिस थमा दिया। मुख्य निर्वाचन अधिकारी राव ने कहा, 'साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर द्वारा राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद विध्वंस को लेकर एक टेलीविजन चैनल को दिए बयान का संज्ञान लेते हुए उन्हें नोटिस जारी किया गया है।' नोटिस से पहले चुनाव आयोगने राजनीतिक पार्टि यों के लिए दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
इससे पहले मुंबई आतंकी हमले में शहीद हुए तत्कालीन एटीएस प्रमुख हेमंत करकरे के खिलाफ विवादित टिप्पणी करके उन्होंने राजनीतिक सरगर्मी बढ़ा दी थी। हालांकि विवाद बढ़ने पर उन्होंने माफी भी मांग ली थी।