कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच एमपी में दिशानिर्देशों में ढील मिलनी शुरू हो गई है। इंदौर प्रशासन की तरफ से अब सरकारी कार्यालयों को सोमवार से पूरी क्षमता के साथ काम करनी की छूट दे दी गई है।
कोरोना और लॉकडाउन की वजह से जिले में पिछले तीन महीने से सरकारी कार्यालयों में कामकाज बुरी तरह से प्रभावित हुआ है।
प्रशासन के एक अधिकारी ने रविवार को कहा कि जिले में स्थित सभी केंद्रीय, राज्य सरकार, अर्ध-सरकारी कार्यालयों को मार्च के अंतिम सप्ताह में कोविड-19 के प्रकोप के कारण बंद करने के लिए कहा गया था। लेकिन एक महीने पहले ही कार्यालयों को 50 प्रतिशत कर्मचारी क्षमता के साथ फिर से खोलने के निर्देश दिए गए थे।
अधिकारी ने कहा, 'अब चूंकि जिले में कोविड-19 की स्थिति नियंत्रण में है, इसलिए प्रशासन ने नए आदेश जारी किए हैं ताकि ये कार्यालय अब 100 प्रतिशत कर्मचारियों की संख्या के साथ संचालित हो सकें।'
जिला प्रशासन ने सरकारी कर्मचारियों को निर्देश दिया है कि वे कार्यालयों में कोविड-19 से सुरक्षा के लिए जारी किए गए सभी दिशानिर्देशों का पालन करें।
इस बीच, मुख्य चिकित्सा और स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) प्रवीण जदिया ने कहा कि पिछले 24 घंटों में जिले में कोरोना के 40 नए मामलों का पता चला, जिससे इसकी संख्या बढ़कर 4,615 हो गई।
उन्होंने कहा कि जिले में 3,415 लोग अब तक संक्रमण से उबर चुके हैं।