जिले में चोरी का आरोप लगाकर पुलिस ने युवक को जमकर पीट दिया। घटनाक्रम के विरोध में मंगलवार को सेन समाज संगठन के सभी सदस्य व पीड़ित युवक के परिजन एकत्रित होकर राजगढ़ पुलिस अधिक्षक कार्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने उक्त मामले में विरोध प्रदर्शन करते हुए एडिशनल एसपी आलोक शर्मा को एसपी के नाम लिखित ज्ञापन सौंपा।
जिसमें उन्होंने कहा कि जीरापुर में पिछले दिनों हुई एक चोरी के मामले में पुलिस चोर को पकड़ने में नाकाम है, लेकिन निर्दोषों को चोरी के आरोप में पकड़कर जबरन मारपीट कर पैसे की मांग की जा रही है। गगोरनी निवासी गोविंद सेन पिता मनोहर सेन को जीरापुर पुलिस थाने में पकड़कर ले जाकर चौरी कबूल करने के लिए दबाव बनाया गया और 50 हजार रुपए की मांग की गई, नहीं देने पर थाने में लाकर गोविंद के साथ जमकर मारपीट की।
दूसरे दिन भाजपा जिलाध्यक्ष ज्ञान सिंह गुर्जर को जब उक्त मामले की जानकारी दी गई तब जाकर तो उसे छोड़ा गया और जब से ही गोविंद राजगढ़ अस्पताल में भर्ती है, लेकिन अभी तक लापरवाही और जबरन मारपीट के आरोपी पुलिसकर्मियों पर कोई कार्रवाई नहीं हुई है। निवेदन है कि आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ निलंबन के साथ एफआईआर दर्ज करते हुए पीड़ित को न्याय दिलाए। ताकि इस जिले में आम जनता के मन में पुलिस कार्रवाई पर विश्वास बना रहे, नहीं तो अन्य बेगुनाहों के साथ ऐसे मामले सामने आते रहेंगे।
वहीं पीड़ित की मां का आरोप है कि किसी चोरी के मामले में मुझे और मेरे बेटे को पुलिस ने थाने पर बुलाया, लेकिन मुझे बहार भेजते हुए मेरे बेटे को अंदर लॉकअप में बंद कर दिया गया और उसे उल्टा लटकाकर मारपीट की गई और चोरी का इल्जाम अपने सर लेने के लिए उस पर दबाव बनाया गया, लेकिन जब उसने कोई चोरी ही नहीं की तो वो बताएगा कहां से। उसका हाथ फ्रैक्चर है, उसे अपने हाथों से खाना खिला रही हूं।वहीं एडिशनल एसपी आलोक कुमार शर्मा का कहना है कि पुलिस पर थाने लाकर मारपीट करने के आरोप लगाए है। हम उक्त मामले की जांच करेंगे और जो भी दोषी होगा उसके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।