राजगढ़ जिले की पांचों सीट पर जीत के बाद उत्साहित भाजपा कार्यकर्ता।
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भाजपा ने जिले की पांचों विधानसभा सीट, नरसिंहगढ़, ब्यावरा, राजगढ़, खिलचीपुर और सारंगपुर पर अपनी जीत दर्ज की है। शुरुआत से ही राजगढ़ जिले की पांचों सीटों पर भाजपा प्रत्याशी अपनी बढ़त बनाए हुए थे, जिसे अंत तक उन्होंने कायम रखा और जिले की पांचों सीटों पर अपना कब्जा जमाया। इसके बाद राजगढ़ जिला मुख्यालय की सड़कों पर भाजपा समर्थकों की भीड़ नजर आ रही थी।
राजगढ़ विधानसभा की यदि हम बात करें तो यहां भाजपा प्रत्याशी अमर सिंह यादव का मुकाबला राजगढ़ से कांग्रेस विधायक बापू सिंह तंवर से था, जिनसे वे वर्ष 2018 में हार गए थे, लेकिन वर्ष 2023 में उन्होंने अपनी हार का बदला लिया और जीत दर्ज की। ब्यावरा विधानसभा क्षेत्र में कांग्रेस ने अपने तत्कालीन विधायक रामचंद्र दांगी का टिकट काटकर पूर्व विधायक पुरुषोत्तम दांगी को अपना प्रत्याशी बनाया। वहीं भाजपा ने पूर्व में हारे प्रत्याशी नारायण सिंह पंवार को मौका दिया और उन्होंने भी कांग्रेस प्रत्याशी को मात देते हुए अपनी जीत दर्ज की। उसी प्रकरण नरसिंहगढ़ विधानसभा सीट से भाजपा ने अपने तत्कालीन विधायक राज्यवर्धन सिंह का टिकट काटकर पूर्व विधायक मोहन शर्मा को अपना प्रत्याशी बनाया था। इनके सामने कांग्रेस के पूर्व विधायक गिरीश भंडारी मैदान थे, जिन्हें उन्होंने एक बड़े अंतर से मात दी है।
खिलचीपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक व पूर्व मंत्री प्रियव्रत सिंह के सामने भाजपा ने वर्ष 2018 में अपने हारे हुए प्रत्याशी हजारीलाल दांगी पर फिर से भरोसा जताते हुए उन्हें प्रत्याशी बनाया, लेकिन वर्ष 2023 में इस बार उन्होंने कांग्रेस प्रत्याशी प्रियव्रत सिंह को लगभग 14 हजार के अधिक मतों के अंतर से पराजय किया। इसके अतिरिक्त सारंगपुर विधानसभा सीट की यदि हम बात करें तो यह जिले की आरक्षित सीट है। यहां से भाजपा ने अपने तत्कालीन विधायक कुंवर कोठार का टिकट काटकर गौतम टेटवाल को अपना प्रत्याशी बनाया था, जहां उन्होंने भी भाजपा के भरोसे को कायम रखते हुए अपनी जीत दर्ज की है।
जिले में पांचों सीटों पर हुई जीत को लेकर हमने जिले के पांचों भाजपा प्रत्याशी नरसिंहगढ़ से मोहन शर्मा, ब्यावरा से नारायण सिंह पंवार, राजगढ़ से अमरसिंह यादव, खिलचीपुर से हजारीलाल दांगी और सारंगपुर से भाजपा प्रत्याशी गौतम टेटवाल से बात की तो उन्होंने उनकी जीत में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की लाड़ली बहना को जीत का एक बड़ा फैक्टर बताया।