मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में गैरतगंज एसडीएम मनीष जैन को 45 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा गया है। लोकायुक्त पुलिस की भोपाल इकाई ने यह कार्रवाई की है। मामला क्रेशर संचालन की अनुमति का है। एसडीएम ने एक कारोबारी से 1 लाख रुपये की रिश्वत मांगी थी। इसकी पहली किस्त के तौर पर जब 45 हजार रुपये दिए गए तो लोकायुक्त पुलिस ने रंगे हाथ पकड़ लिया।
लोकायुक्त पुलिस के मुताबिक तनवीर पटेल ने शिकायत की थी कि उनके भाई सईद अहमद कुरैशी से क्रशर संचालित करने के लिए एक लाख रुपये की रिश्वत मांगी गई थी। यह राशि चुकाने के बाद ही एसडीएम उसकी फाइल को कथित तौर पर आगे बढ़ाने वाला था। एसडीएम ने निजी कंपनी के कंप्यूटर ऑपरेटर रामनारायण अहिरवार के जरिए एक लाख रुपये की डिमांड की।
लोकायुक्त भोपाल एसडी मनु व्यास के निर्देश पर डीएसपी संजय शुक्ला के साथ टीम ने गैरतगंज एसडीएम कार्यालय में ट्रैप की रणनीति बनाई। तनवीर अहमद ने पहली किस्त के तौर पर जैसे ही 45 हजार रुपये की रिश्वत रामनारायण को दी, लोकायुक्त पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। एसडीएम कार्यालय में इस पर कार्यवाही जारी है। इस दौरान एसडीएम मनीष जैन की तबियत खराब हो गई और वह अस्पताल में भर्ती हो गए हैं। पुलिस ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा 7, धारा 34, धारा 120-बी के तहत एफआईआर दर्ज की गई है।