मध्य प्रदेश के बैतूल जिले की पंचायत ने रम्भा खेडी गांव के एक परिवार पर खुले में शौच करने पर 75 हजार रुपए का जुर्माना लगाया है। इसके अलावा इसी गांव के 43 परिवार को पंचायत ने खुले में शौच न करने का नोटिस जारी किया है।
पंचायत के एक कर्मचारी ने बताया कि बीते एक महीने से इस परिवार को चेतावनी दी जा रही थी कि खुले में शौच न करें, लेकिन इनकी कान पर जूं तक नहीं रेंग रही थी, जिसके बाद पंचायत को मजबूरन यह कदम उठाना पड़ा।
कर्मचारी ने बताया कि इस परिवार में 10 लोग रहते हैं और इन पर मध्य प्रदेश पंचायत (स्वच्छता ताथा अनुग्रह निवारण ताथा उपशमन) नियम, 1999 के तहत खुले में शौच करने पर प्रति दिन 250 रुपए के दर से जुर्माना लगाया गया है। इन्होंने नोटिस के बावजूद 1 महीने तक ऐसा किया इसलिए इन्हें अब 75 हजार रुपए भरने होंगे।
गांव की सरपंच रामबती बाई ने बताया कि इस परिवार के खिलाफ कार्रवाई तब की गई, जब ये कई बार कहने के बाद भी अपने घर पर टॉयलेट बनवाने के लिए राजी नहीं हो रहा था।
रामबती ने आगे बताया कि इस परिवार को पंचायत की तरफ से कई बार चेतावनी दी गई कि खुले में शौच न करके अपने घर पर टॉयलेट बनाएं और उसका इस्तेमाल करें। लेकिन इन्होंने हर बार इस बात को अनसुना कर दिया।