अभिजीत कुमार रंजन, पुलिस अधीक्षक कटनी
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कटनी जिले के कोषालय विभाग में फर्जी बिल लगाकर घोटाला करने का मामला समाने आया है। यहां विभाग पदस्थ ग्रेड-3 के एक कर्मचारी द्वारा अब तक करोड़ों रुपये की राशि गबन कर चुका है। आरोपी घोटाला की राशि निकालने के बाद उसे विभिन्न खातों में ट्रांसफर के देता था। पुलिस जांच में कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। इस मामले में गौशाला विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी शामिल हैं।
वहीं, सूत्रों की माने तो बिना अधिकारियों की सहमति से इतने बड़े घोटाले को अंजाम नहीं दिया जा सकता था। कटनी पुलिस ने जिला कोषालय में पदस्थ ग्रेड तीन कर्मचारी नीरज सिंह के खिलाफ जिला योजना एवं सांख्यिकी शाखा द्वारा यह शिकायत की गई कि उनके विभाग से संबंधित फर्जी बिलों को लगाकर आरोपी ने लगभग 25 लाख रुपये की राशि निकाल ली। फर्जी बिल का उपयोग करते हुए अलग-अलग समय में लाखों रुपये निकाल लिए थे, आरोपी लिपिक अभी जेल में बंद है।
कलेक्ट्रेट के योजना एवं सांखिकीय शाखा से फर्जी तरीके से 20 से 25 लाख रुपये की राशि निकलने की शिकायत मिलने पर माधवनगर पुलिस द्वारा दो मामलों पर अपराध-409, 467, के तहत के अपराध पंजीबद्ध किया गया।
इसी तरह आरोपी के खिलाफ ढीमरखेड़ा विकासखंड अधिकारी विनोद कुमार दीक्षित ने भी फर्जी बिल लगाकर रुपये निकालने की शिकायत की है। दोनों शिकायतों के आधार पर पुलिस में मामला दर्ज किया है। पुलिस अधीक्षक अभिजीत कुमार रंजन के तहत कोषालय विभाग से निकली राशि की शिकायत पर माधवनगर थाने पर एफआईआर दर्ज हुई है, मामले की जांच की जा रही है।