क्या है मामला?
डीआईजी साकेत पांडे के अनुसार जिले के गड़रा गांव में शनिवार को आदिवासी गुट के लोगों ने ब्राह्मण परिवार पर हमला बोल दिया। सनी द्विवेदी ने इसकी सूचना पुलिस को दी, पुलिस की टीम मौके पर रवाना हुई, लेकिन वहां पहुंचने से पहले सनी द्विवेदी की हत्या कर दी गई। पुलिस टीम को देखते ही आदिवासी गुट के लोगों ने पथराव शुरू कर दिया और पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को घेर लिया। हमले में एएसआई रामचरण गौतम गंभीर रूप से घायल हो गए, अस्पताल ले जाते समय उनकी मौत हो गई। थाना प्रभारी संदीप भारती, तहसीलदार पनिका, एएसआई जवाहर सिंह यादव और बृहस्पति पटेल समेत अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गए। तहसीलदार पनिका और टीआई संदीप को गंभीर चोटें आई हैं।
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क्यों की गई युवक की हत्या?
शनिवार रात को मऊगंज में हुए विवाद का असली कारण दो महीने पहले हुआ एक सड़क हादसा है। इस हादसे में अशोक कुमार आदिवासी की मौत हो गई थी। आदिवासी परिवार का आरोप था कि अशोक की हत्या की गई, उन्होंने इसका आरोप सनी द्विवेदी पर लगाया था। लेकिन, पुलिस ने जांच के बाद सनी को क्लीनचिट दे दी। लेकिन, आदिवासी परिवार इससे संतुष्ट नहीं था। वह अशोक की मौत का जिम्मेदार सनी द्विवेदी को मान रहे थे। इसी के चलते शनिवार को आदिवासियों के एक जुट ने सनी द्विवेदी को बंधक बनाकर एक कमरे में बंद कर लिया। उसके साथ जमकर मारपीट की गई, जिससे उसकी मौत हो गई।
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तहसीलदार को बेरहमी से पीटा, एसडीओपी को बनाया बंधक
आदिवासियों की उग्र भीड़ ने तहसीलदार कुमारे लाल पनिका को घेर लिया और उनके साथ बेरहमी से मारपीट की। मारपीट में उनके दोनों हाथ और दोनों पैर फैक्चर हो गए और सिर भी फट गया। उनकी हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है। उधर, हमले के दौरान स्थिति को नियंत्रित करने पहुंचे एसडीओपी अंकित सुल्या को भी ग्रामीणों ने बंधक बना लिया था। इसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस की टीम फायरिंग करते हुए अंदर घुसी और एसडीओपी को कमरे से बाहर निकालकर लाई। साथ युवक सनी द्विवेदी का भी शव लेकर आई।
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गंभीर घायल रीवा रेफर
हमले में गंभीर रूप से घायल तहसीलदार कुमारे लाल पनका, शाहपुर थाना प्रभारी संदीप भारती, एएसआई जवाहर सिंह यादव, राम केवट और राम लखन मिश्रा को रीवा रेफर किया गया है। वहीं, प्रीति यादव, विकास पांडेय, देववती सिंह, रामवचन यादव, बृहस्पति पटेल को मऊगंज के अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
हालात को लेकर क्या बोले रीवा एसपी?
रीवा एसपी विवेक सिंह ने बताया कि शाहपुर थाना क्षेत्र के मऊगंज में पथराव हुआ था और कुछ लोगों को बंधक बनाया गया था। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर बंधकों को मुक्त कराया। इस घटना में पथराव के कारण एक नागरिक और एक पुलिसकर्मी की जान चली गई। कुछ पुलिस कर्मी और एक तहसीलदार घायल हैं, जिनका इलाज चल रहा है। स्थिति अब नियंत्रण में है। अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारी भी मौके पर मौजूद हैं।