मध्य प्रदेश में गर्मी झुलसाने लगी है। लगभग पूरे प्रदेश में अधिकतम तापमान 40 के ऊपर बना हुआ है। सामान्य से काफी ज्यादा। सबसे ज्यादा गर्म निमाड़ क्षेत्र ही है। प्रदेश में सबसे गर्म दिन खरगोन में तो रात सागर में रही।
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के आगे बढ़ गया है। इससे राजस्थान पर बना प्रेरित चक्रवात खत्म हो गया है। पश्चिमी विक्षोभ के असर से राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र में तपिश कुछ कम हो गई थी। इससे मध्य प्रदेश में भी दिन के तापमान में मामूली कमी दर्ज की गई थी। जानकारों की मानें तो गुजरात, राजस्थान में तपिश बढ़ने के बाद मध्य प्रदेश में भी दिन का तापमान और उछलेगा। प्रदेश में अधिकतम तापमान में विशेष परिवर्तन होने की संभावना कम है। छिंदवाड़ा, रीवा, सीधी, गुना, राजगढ़, दमोह, खजुराहो, नौगांव, सागर, सतना, रतलाम, जबलपुर एवं ग्वालियर में लू चली।
लगातार तप रहा निमाड़
मौमस विभाग के आंकड़ों की बात करें तो खरगोन में अधिकतम तापमान 43 के ऊपर बना हुआ है। खरगोन में 43.5, राजगढ़ में 42.6, होशंगाबाद-खंडवा-दमोह-नौगांव में 42.5, रतलाम में 42, सीधी में 41.8, गुना में 41.5, दतिया-रीवा-सागर में 41.4, धार-उमरिया में 41.2, टीकमगढ़ में 41.1, ग्वालियर-जबलपुर में 41 डिग्री तापमान रहा।
रातें भी गर्म
न्यूनतम तापमान की बात करें तो सागर में सबसे गर्म रात दर्ज की गई। सागर में 24.6, रतलाम में 22.5, सीधी में 22.4, सतना में 22.2, इंदौर में 21.8, होशंगाबाद में 21.7, जबलपुर में 21.5, दमोह में 21.2, गुना में 21 डिग्री न्यूनतम तापमान दर्ज किया गया। प्रदेश के बड़े शहरों की बात करें तो भोपाल में 40.6 और 20.5, इंदौर में 39.5 और 21.8, ग्वालियर में 41 और 18.5, जबलपुर में 41 और 21.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।
क्या कहता है आगे का मौसम
मौसम केंद्र की रिपोर्ट कहती है कि पिछले 24 घंटों में प्रदेश का मौसम शुष्क रहा। सतना, रीवा, सीधी, छिंदवाड़ा, जबलपुर, खजुराहो, नौगांव, सागर, दमोह, राजगढ़, रतलाम, गुना, ग्वालियर में लू का प्रभाव रहा। अगले 24 घंटों की बात करें तो रीवा, सागर, ग्वालियर, चंबल संभाग के जिलों में तथा जबलपुर, छिंदवाड़ा, भोपाल, राजगढ़, खरगोन, खंडवा, धार, रतलाम, नर्मदापुरम जिलों में लू चलने की संभावना है।
गर्मी में रखें ये सावधानियां
मौसम विभाग ने लोगों को गर्मी से बचने के लिए सावधानियां बरतने की अपील भी की है। कहना है कि सूर्य की किरणों के साथ संपर्क में आने से बचें। हल्के रंग के सूती कपड़ें पहनें। अपने सिर को कपड़े या टोपी से ढंककर रखें। पर्याप्त मात्रा में पानी का सेवन करें।