आजाद नगर गोकलपुर में देवी जागरण और भंडारे के दौरान हुए विवाद में गंभीर रूप से घायल पारस यादव की मौत के बाद प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। बृहस्पतिवार सुबह जिला प्रशासन, नगर निगम और पुलिस की संयुक्त टीम ने मामले के मुख्य आरोपी समीर वंशकार के चिह्नित अवैध निर्माणों को बुलडोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया।
दरअसल, रांझी थाना क्षेत्र के आजाद नगर गोकलपुर में रविवार देर रात देवी जागरण और भंडारे का कार्यक्रम आयोजित हुआ था। इसी दौरान वहां किसी बात पर अचानक विवाद हो गया। विवाद बढ़ने पर उपद्रवियों ने लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस मारपीट में दो महिलाओं सहित आठ लोग घायल हो गए थे। गंभीर रूप से घायल 48 वर्षीय पारस यादव ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया।
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शव रखकर जताया विरोध
पारस यादव की मौत के बाद उनके परिजन और स्थानीय नागरिक बेहद आक्रोशित हो गए। गुस्साए प्रदर्शनकारियों ने विकल मोड़ पर मृतक का शव रखकर उग्र प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन के कारण क्षेत्र के तीनों मुख्य मार्गों पर वाहनों का लंबा जाम लग गया। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने मृतक के परिवार को 10 लाख रुपये का मुआवजा देने और आरोपियों के मकानों पर बुलडोजर चलाने की मांग रखी। इसके साथ ही प्रदर्शनकारियों ने अपनी मांगें पूरी करने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों को 24 घंटे का अल्टीमेटम भी दिया था।
मुख्य आरोपी समेत छह गिरफ्तार
मामले में रांझी थाना पुलिस ने मुख्य आरोपी समीर वंशकार सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार करने के बाद बृहस्पतिवार को प्रशासनिक टीम ने आरोपी के चिह्नित अवैध निर्माणों पर बुलडोजर चलाने की कार्रवाई की। फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।