मध्यप्रदेश में विधानसभा चुनाव यूं तो नवंबर में होने हैं, लेकिन कांग्रेस के सीनियर नेता अजय सिंह चाहते हैं कि पार्टी अभी से टिकटों का बंटवारा कर दे।
विधानसभा में विपक्ष के नेता ने कहा, ‘हां, मध्य प्रदेश में पार्टी उम्मीदवारों की घोषणा चुनावों से काफी पहले ही कर देनी चाहिए।
यह पार्टी के हित में ही रहेगा क्योंकि इससे उन्हें चुनाव प्रचार के लिए काफी समय मिल जाएगा।’
उन्होंने यह भी कहा कि उम्मीदवारों का नाम तय करने से पहले उनकी जीत की संभावना पर भी विचार किया जाना चाहिए।
अजय सिंह ने कहा कि इन चुनावों में भ्रष्टाचार, बिजली, सड़क और कानून व्यवस्था मुख्य मुद्दे रहेंगे क्योंकि भाजपा, खासतौर से गृह मंत्री उमा शंकर गुप्ता राज्य में बढ़ते आपराधिक ग्राफ को रोकने में विफल रहे हैं।
अजय ने आरोप लगाया कि महिलाओं के खिलाफ अपराध, विशेष तौर पर रेप के मामले तेजी से बढ़ते ही जा रहे हैं। जनवरी, 2008 से लेकर अब तक राज्य में अकेले 7306 मामले तो नाबालिग के साथ रेप के दर्ज किए गए हैं।
यह आंकड़ा खुद सरकार ने विधानसभा में पेश किया है। उन्होंने कहा, ‘सरकार राज्य में कानून व्यवस्था बनाने और महिलाओं के खिलाफ अपराध रोकने के प्रति पूरी तरह से असंवेदनशील है।’