इंदौर का कोरोना पॉजिटिव रासुका बंदी जावेद खान आज जबलपुर मेडिकल कॉलेज के अस्पताल से फरार हो गया। इस घटना से जबरदस्त हड़कंप मच गया और उसकी तलाश में पुलिस टीम को लगाया गया है। जावेद को 9 अप्रैल को इंदौर से जबलपुर सेंट्रल जेल लाया गया था। उसकी गिरफ्तारी पर पुलिस अधीक्षक ने 10 हजार रुपये का इनाम घोषित किया। वहीं कैदी के फरार होने के मामले में चार पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया है।
जबलपुर के एसपी अमित सिंह ने कहा कि उसकी तलाश में एक टीम को लगाया गया है। इसके साथ ही उसकी सूचना देने वाले को 10 हजार रुपये का इनाम भी दिया जाएगा। सभी चेकपोस्ट को उसके फरार होने के बारे में सूचित कर दिया गया है।
एक अन्य पुलिस अफसर ने कहा कि जावेद की फोटो सोशल मीडिया में फैला दी गई है ताकि लोग उसे आसानी से पहचान सकें और अधिकारियों को सूचित कर सकें।
बता दें कि जावेद खान इंदौर में स्वास्थ्य कर्मियों पर हमले में शामिल था। इसके बाद पुलिस ने उसे 9 अप्रैल को रासुका के तहत गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद उसे इंदौर से जबलपुर लाया गया था। 11 अप्रैल को पता चला कि वह कोरोना वायरस से संक्रमित है। इसके बाद उसे जबलपुर मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था।
लेकिन आज वह सभी की आंखों में धूल झोंककर फरार हो गया। इस घटना के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया और उसे तलाशने की पुरजोर कोशिश हो रही है।
चार पुलिसकर्मी निलंबित
हालांकि देर रात मिली ताजा जानकारी के मुताबिक इस प्रकरण में चार पुलिस कर्मियों को निलंबित कर दिया गया है। आरोपी जावेद के विरुद्ध अपराध दर्ज किए जाने के साथ दो पुलिसकर्मियों के विरुद्ध भारतीय दंड संहिता और डिजास्टर मैनेजमेंट एक्ट के अंतर्गत अपराध दर्ज किया गया है। फरार कैदी जावेद की गिरफ्तारी के लिए पुलिस महानिरीक्षक ने 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है।