2017 में केंद्र सरकार के स्मार्ट सिटी मिशन के तहत चुने गए पहले 20 शहरों में भोपाल का नाम भी शामिल था। हालांकि अभि शहर में निर्माणाधीन मेट्रो प्रोजेक्ट से लोगों को काफी उम्मीदें हैं। रोजगार को लेकर यहां को लोगों का कहना है कि यह अब भी एक बड़ा मुद्दा है। वो कहते हैं कि देश में आर्थिक विकास तो हुआ, लेकिन उसका लाभ सभी हिस्सों तक नहीं पहुंच पाया है।
12 मई को होना है मतदान
देखना यह है कि ऐसे तमाम सुविधाओं से वंचित और विकास के इंतजार में भोपाल शहर इस बार अपने लिए किसे चुनेगा। हालांकि पिछले साल हुए विधानसभा चुनावों में यहां की जनता ने गहरी जड़ें जमा चुकी भाजपा से मुंह मोड़ लिया और कांग्रेस की कमलनाथ सरकार को अपनी सेवा के लिए चुना। अब भोपाल में 12 मई यानी छठे चरण में लोकसभा चुनावों के लिए मतदान होंगे।