केंद्रीय जांच एजेंसी (सीबीआई) ने व्यापमं से संबंधित केस में भोपाल के एलएन मेडिकल कालेज के चेयरमैन जेएन चौकसे को गिरफ्तार किया है। एक अधिकारी ने बताया कि यह गिरफ्तारी मध्य प्रदेश प्री-मेडिकल टेस्ट- 2012 से जुड़ी है।
सीबीआई ने 23 नवंबर 2017 को भोपाल की विशेष अदालत में केस से संबंधित आरोपपत्र दायर किया था। जिसके बाद अदालत ने नामजद किए गए फरार आरोपियों के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया। इस वारंट की तामिल करते हुए सीबीआई ने आरोपी को
भोपाल में उसके घर से गिरफ्तार किया। सीबीआई प्रवक्ता ने बताया कि आरोपी को अदालत में पेश किया गया। इसके बाद उसे 24 मार्च तक न्यायिक
हिरासत में भेजने का आदेश दिया गया।
पुलिस की तरफ से दायर चार्टशीट में कहा गया है कि आपराधिक साजिश के तहत एलएन मेडिकल कालेज ने एक अभ्यर्थी के प्रवेश के संबंध में भोपल डीएमई (संचालन चिकित्सा शिक्षा) को गलत सूचनाएं दी थीं। यह छात्र पहले से ही पटना में एमबीबीएस के वर्ष 2011 बैच का छात्र था। साथ ही
मेडिकल कालेज ने डीएम को बताया कि दूसरे चरण की काउंसलिंग के लिए 5 सीटें बची हैं जबकि बची हुई सीटों की संख्या 40 से ज्यादा थी। इसके बाद मेडिकल कालेज पर यह आरोप भी लगा कि 30 सितंबर 2012 को उसने 40 से ज्यादा छात्रों को दाखिला दिया जबकि काउंसलिंग की प्रक्रिया पहले ही समाप्त हो चुकी थी।
हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई के दौरान यह भी कहा ता कि मेडिकल कालेज के संचालकों के गलत तरीके से दाखिला देना और
व्सापमं जैसे घोटालों की वजह से हजारों योग्य छात्र मेडिकल सीट पर दाखिला पाने से वंचित रह गए और वहीं अयोग्य छात्रों ने पैसों के बल पर दाखिला हासिल कर लिया।