पुणे कार दुर्घटना मामले में जबलपुर के एक कपल की मौत हो गई। इस दुर्घटना में मारे गए अश्विनी कोष्टा के पिता सुरेश कोष्टा ने कहा कि नियम के मुताबिक आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए ताकि लोगों को इससे सबक मिले। बता दें कि 19 मई को तेज रफ्तार पोर्शे कार ने पीछे से टक्कर मार दी, जिससे दो लोगों की मौत हो गई। आरोपी को किशोर न्याय बोर्ड ने जमानत दे दी है और उसके पिता विशाल अग्रवाल को आज हिरासत में लिया गया है।
दोनों मृतक जबलपुर से
दोनों जबलपुर के थे और मोटरसाइकिल पर एक पार्टी से लौट रहे थे। उन्हें लगभग 2.30 बजे पॉर्श कार से एक नाबालिग ने कुचल दिया। उनके शव सोमवार को अंतिम संस्कार के लिए गृहनगर जबलपुर लाया गया। अश्विनी के परिजनों ने कानूनी कार्रवाई करने की बात कही है। मारे गए टेक्निकल एक्सपर्ट में से एक के परिवार ने आरोप लगाया है कि आरोपियों को पुलिस स्टेशन में 'वीआईपी ट्रीटमेंट' दिया गया।
मृतक के भाई ने दी जानकारी
मृतक के भाई देवेश ने बताया कि उसका भाई व अन्य साथी अपने किसी परिचित की बर्थडे पार्टी में गये हुए थे। पार्टी के बाद भाई सहित पांच व्यक्ति वापस लौट रहे थे, जिसमें से दो लड़कियां थी। भाई अपनी महिला सहयोगी के साथ बाइक में सवार होकर सामान्य तरीके से लौट रहे थे। उसके पीछे वाली दो बाइक तीन अन्य लोग सवार थे। कार चालक नाबालिग युवक नशे में धुत था और तेज रफ्तार में गाड़ी चला रहा था। चार अन्य वाहनों से कार किसी तरफ टकराने से बच गयी थी। इसके बाद उसके भाई अनीस की मोटरसाइकिल में टक्कर मार दी। कार की टक्कर इतनी तेज थी कि मोटर साइकिल में सवार उनकी सहयोगी हवा में उड़ गयी और जमीन में गिरने के बाद उनकी घटनास्थल में मौत हो गयी। भाई को गंभीर अवस्था में उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती किया गया था। उपचार के दौरान अस्पताल में भाई ने भी दम तोड़ दिया।