जबलपुर में सेशन न्यायाधीश आलोक अवस्थी ने कूटरचित नकली नोट तैयार कर उनका कारोबार करने वाले आरोपी को सात साल की सजा से दंडित किया है। न्यायालय ने नकली नोट के साथ गिरफ्तार किये गये उसके साथी को पांच माह के कारावास की सजा से दंडित किया है। न्यायालय ने आरोपियों को अर्थदंड भी लगाया है।
अभियोजन की तरफ से पैरवी करते हुए न्यायालय को बताया गया कि खमरिया पुलिस को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति नकली नोटों का कारोबार कर रहा है। एक लाख के असली नोट की एवज में तीन लाख के नकली नोट बेचता है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के लिए नकली नोट के खरीदने के लिए उसे खमरिया बाजार बस स्टॉप पर पांच फरवरी 2017 को बुलाया था। आरोपी सुखचैन पिता सुम्मत लाल चक्रवती उम्र 27 अपने साथ थैले में नकली नोट लेकर आया था। जो हूबहू असली नोट जैसे दिख रहे थे। नोट में सुरक्षा चिन्ह नहीं थे। पुलिस ने आरोपी के पास से सौ-सौ के पचास हजार रुपये के नकली नोट बरामद किये थे। इसके अलावा मल्लू प्रसाद चक्रवर्ती उम्र 56 साल से 65 सौ रुपये के नकली नोट बरामद किये थे।
आरोपी ने पूछताछ के दौरान बताया था कि वह प्रिंटर से नकली नोट तैयार करता था। पुलिस ने आरोपी के पास से प्रिंटर सहित अन्य सामान भी बरामद किये थे। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 489 ए तथा डी के तहत प्रकरण दर्ज कर न्यायालय के समक्ष प्रकरण प्रस्तुत किया था। प्रकरण की सुनवाई के दौरान पेश किये गये साक्ष्य तथा गवाहों के आधार पर आरोपी सुखचैन को सात साल के कारावास तथा आरोपी मल्लू को पांच माह के कारावास की सजा से दंडित किया है।