भोपाल के सागर पब्लिक स्कूल प्रबंधन द्वारा कोरोना काल में छात्रों से ट्यूशन फीस के अलावा अन्य मदों की राशि वसूलने तथा फीस बढ़ाए जाने के खिलाफ हाईकोर्ट में अवमानना याचिका दायर की गई थी। हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रवि विजय कुमार मलिमथ तथा जस्टिस विशाल मिश्रा की युगलपीठ के समक्ष स्कूल प्रबंधन ने चार्जशीट पेश करते हुए 118 छात्रों की बढ़ी हुई फीस लौटाने की बात कही। युगलपीठ ने सुनवाई के बाद याचिका का निराकरण कर दिया।
बता दें कि मॉय पेरेंट्स एसोसिएशन की तरफ से दायर की गई याचिका में कहा गया था कि हाईकोर्ट ने कोरोना काल में स्कूल प्रबंधन को छात्रों से सिर्फ ट्यूशन फीस लेने के आदेश जारी किए थे। सागर पब्लिक स्कूल प्रबंधन की शाखाओं द्वारा कोरोना काल में ट्यूशन फीस के अलावा अन्य मदों की फीस भी छात्रों के अभिभावकों से वसूल की गई। इसके अलावा अगले सत्र में फीस बढ़ोतरी कर दी। जिसके खिलाफ उक्त अवमानना याचिका पेश की गई थी।
याचिका की सुनवाई के दौरान स्कूल प्रबंधन की तरफ से फीस चार्ट पेश किया गया। स्कूल प्रबंधन की तरफ से बताया गया कि याचिकाकर्ता एसोसिएशन से जुड़े 118 छात्रों के अभिभावकों से वसूली गई अतिरिक्त फीस लौटाई जा रही है। सुनवाई के बाद युगलपीठ ने याचिका का निराकरण कर दिया। याचिकाकर्ता की तरफ से अधिवक्ता हितेन्द्र गोल्हानी ने पैरवी की।