जबलपुर के निजी अस्पताल में उपचार के लिए भर्ती दो युवकों की डेंगू बीमारी से संदिग्ध मौत के बाद प्रशासन सतर्क है। स्वास्थ्य विभाग ने डेंगू की बीमारी की रोकथाम के लिए एडवाइजरी जारी की है। जिन अस्पताल में डेंगू के संदिग्ध व्यक्तियों की मौत हुई है, उन्हें भी नोटिस दिया गया है।
गौरतलब है कि पिछले सप्ताह कछियाना क्षेत्र निवासी दो युवकों की मौत हो गई थी। दोनों युवकों का उपचार अलग-अलग निजी अस्पताल में चल रहा था। डेंगू बीमारी के संक्रमण की जांच के लिए उनका किट टेस्ट करवाया गया था। दोनों का एलाइजा टेस्ट नहीं करवाया गया था। इसके अलावा लगभग दो दर्जन डेंगू के मरीज उपचार के लिए भर्ती है।
सीएचएमओ संजय मिश्रा के अनुसार एक युवक की महाकौशल अस्पताल तथा एक युवक की नेशनल अस्पताल में मौत हुई है। दोनों युवकों का एलाइजा टेस्ट नहीं हुआ था। एलाइजा पॉजीटिव नहीं होने के कारण अधिकारिक तौर पर उनकी मौत डेंगू से नहीं हुई है। मरीजों के संबंध में सूचना नहीं देने के कारण एक अस्पताल प्रबंधक को नोटिस जारी किया गया है और दूसरे को भी जल्द जारी किया जाएगा। डॉ. मिश्रा ने बताया कि इस साल अभी तक डेंगू के 757 टेस्ट किए गए थे। इसमें से 58 टेस्ट पॉजीटिव आए हैं। कोई भी मरीज की स्थिति गंभीर नहीं थी। पानी एकत्र नहीं होने, बुखार आने पर डॉक्टरों से संपर्क करने, फुल कपड़ों का उपयोग करने, मच्छरों को मारने के लिए दवाइयों के उपयोग आदि के संबंध में एडवाइजरी जारी की गई है।