जबलपुर में आग बुझाने की कोशिश करते फायर ब्रिगेड के कर्मचारी।
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वोल्टेज में फ्लक्चुएशन से जनरेटर में लगी आग
आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक दो लोगों की स्थिति बेहद नाजुक बनी हुई है। जो झुलस गए थे, उन्हें शहर के अलग-अलग अस्पतालों में भर्ती कराया गया है। मरने वालों में अस्पताल के कर्मचारी और मरीज भी शामिल है। प्राथमिक जांच में कहा जा रहा है कि वोल्टेज में फ्लक्चुएशन हो रहा था। इसकी वजह से जनरेटर से आग भड़की और उसने पूरी इमारत को अपने आगोश में ले लिया। फायर ब्रिगेड ने एक घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पा लिया है। आग की लपटें इतनी भीषण थी कि लोगों को भागने का मौका भी नहीं मिला और वह जिंदा जल गए। हादसे के वक्त अस्पताल में कितने मरीज भर्ती थे और कितने परिजन थे, इसकी जानकारी जुटाई जा रही है। बताया जा रहा है कि अस्पताल में करीब 52 लोगों का स्टाफ है और मरने वालों में दो नर्स भी शामिल हैं।
शिवराज ने घोषित किया मुआवजा
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने सोशल मीडिया पर कहा कि जबलपुर के एक अस्पताल में भीषण अग्नि दुर्घटना का दुखद समाचार प्राप्त हुआ है। स्थानीय प्रशासन और कलेक्टर से निरंतर संपर्क में हूं। मुख्य सचिव को संपूर्ण मामले पर नजर बनाए रखने के निर्देश दिए हैं। राहत एवं बचाव के लिए हरसंभव प्रयास किये जा रहे हैं। जबलपुर के न्यू लाइफ अस्पताल में आग से हुई दुर्घटना में अमूल्य जिंदगियों के असमय निधन के समाचार से हृदय दु:ख से भरा हुआ है। ईश्वर से दिवंगत आत्माओं की शांति और परिजनों को यह गहन दु:ख सहन करने की शक्ति देने एवं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं। दु:ख की इस घड़ी में शोकाकुल परिवार स्वयं को अकेला न समझें,मैं और संपूर्ण मध्यप्रदेश परिवार के साथ है। राज्य सरकार की ओर से मृतकों के परिजनों को पांच-पांच लाख रुपये और गंभीर रूप से घायलों को 50-50 हजार रुपये की सहायता प्रदान की जाएगी। घायलों के संपूर्ण इलाज का व्यय भी सरकार वहन करेगी।