छिंदवाड़ा कफ सिरप कांड मामले में आरोपी डॉक्टर की जमानत याचिका पर सुनवाई बढी
प्रदेश में जानलेवा कफ सिरप से हुई 26 मासूमों की मौत के मामले में गिरफ्तार डॉ. प्रवीण सोनी ने जमानत के लिए हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। सोनी की जमानत याचिका जस्टिस प्रमोद कुमार अग्रवाल की एकलपीठ के समक्ष गुरुवार को पेश की गई। समयाभाव के कारण सुनवाई टल गई। संभवत: याचिका पर शुक्रवार को सुनवाई होगी।
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गौरतलब है कि कफ सिरप के कारण छिंदवाड़ा में 23 बच्चों तथा बैतूल में दो बच्चों तथा पांढुर्ना में एक बच्चे की मौत हो गई थी। छिंदवाड़ा के परासिया क्षेत्र में अधिकांश बच्चों को डॉक्टर प्रवीण सोनी ने ही वह कफ सिरप लिखा था। छिंदवाड़ा जिले के परासिया थाना पुलिस ने कोल्ड्रिफ कफ सिरप की निर्माता कंपनी श्रीसन फार्मा के संचालक रंगनाथन, डॉ. प्रवीण सोनी व अन्य के खिलाफ प्रकरण दर्ज करते हुए उन्हें गिरफतार किया है। छिंदवाड़ा जिला न्यायालय ने प्रकरण को गंभीर मानते हुए आरोपी डॉक्टर की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। इसके बाद आरोपी डॉक्टर सोनी ने जमानत के लिए हाईकोर्ट की शरण ली है।
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जमानत याचिका में कहा गया है कि डॉक्टर के खिलाफ प्रकरण दर्ज करने के लिए मेडिकल बोर्ड की अनुमति आवश्यक है। पुलिस ने बिना अनुमति ही प्रकरण दर्ज करते हुए उन्हें गिरफ्तार किया है। उन्होंने डॉक्टर होने के नाते बच्चों को कफ सिरप लिखा था। कफ सिरप बनाने तथा उसे बेचने की अनुमति निर्माण कंपनी को सरकार के संबंधित विभागों ने प्रदान की है। कफ सिरप बनाने में उनकी कोई भूमिका नहीं है। वह कफ सिरप के निर्माता और विक्रेता नहीं हैं।