फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Indore News: इंदौर में यह कैसी Mybyk सेवा, पैसे तो कट गए लेकिन नहीं खुला साइकिल का लॉक

Mon, 26 Dec 2022 07:08 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

इंदौर में साइकिलिंग को बढ़ावा देने के लिए शुरू की गई Mybyk योजना फ्लॉप साबित हो रही है। रखरखाव ठीक से नहीं होने की वजह से लोगों को परेशानी हो रही है। कभी ताला नहीं खुलता तो कभी साइकिल ही खराब मिलती है।  
विज्ञापन
File photo - फोटो : SOCIAL MEDIA
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

इंदौर के एक कॉलेज की प्रोफेसर ज्योति दवे ने पलासिया स्टेशन से ऐप से राशि डाली। साइकिल अनलॉक ही नहीं हुई। दो-तीन बार साइकिल अनलॉक करने की कोशिश की, लेकिन हर बार परेशान ही हुई। बार-बार एरर का नोटिफिकेशन आ रहा था। बड़ी मुश्किल से राइड जुड़ी। शिकायत करने के लिए स्टेशन पर भी कोई जानकारी नहीं थी।

विज्ञापन


यह है इंदौर स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत संचालित हो रहा मायबाइक प्रोजेक्ट। परेशानियों का सामना करने वाली ज्योति दवे इकलौती नहीं है। हर दिन उनकी जैसी कई ज्योति साइकिल सेवा का लाभ उठाने से वंचित रह जाती है। जब इस मामले में अपर आयुक्त मनोज पाठक से बात की तो पता चला कि शिकायत आई थी और हमने उसे दूर कर दिया है। शहर में 1200 साइकिलें चलती हैं। ब्लूटूथ सिस्टम से लॉक जुड़ा हुआ है। हो सकता है कि कनेक्ट न हो पाने की वजह से ऐसा हुआ हो।

कई स्टेशन रहते हैं खाली
भले ही अफसर शहर में 1200 साइकिलों के संचालित होने की बात कही जा रही है, अधिकांश स्टेशनों पर साइकिल रहती ही नहीं है। रहती भी है तो कोई पंचर होती है या किसी और समस्या से ग्रस्त रहती है। उन्हें किराये पर लेना परेशानी मोल लेने जैसा ही है।
विज्ञापन


100 से ज्यादा साइकिल स्टेशन है शहर में
साइकिल सेवा के लिए स्मार्ट सिटी प्रोजेक्ट के तहत इंदौर में 100 स्टेशन बने हैं। बीआरटीएस पर ही 20 से ज्यादा स्टेशन है। अफसरों के मुताबिक लोग लोक परिवहन और साइकिलिंग का उपयोग ज्यादा से ज्यादा करें, इसके लिए यह सेवा शुरू की गई है। साइकिलों की डिमांड भी ज्यादा रहती है। साइकिल में जीपीएस लगा रहता है, जिससे उसे रियलटाइम ट्रैक किया जा सकता है। इससे साइकिल चोरी से सुरक्षित है। 

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें