शहर के तुलसी नगर में प्लॉटों के नियमितीकरण को लेकर रहवासी लंबे समय से परेशान हैं। रहवासियों की परेशानी को देखते हुए महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने जिला प्रशासन, नगर निगम तथा तुलसी नगर रहवासी संघ के अधिकारियों एवं पदाधिकारियों के साथ बैठक की। इसमें महापौर द्वारा तुलसी नगर के प्लॉटों के नियमितीकरण में हो रहे विलंब को लेकर अधिकारियों को फटकार लगाई।
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उन्होंने तुलसी नगर के अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त 532 भूखंडों के नियमितीकरण में हो रहे विलंब पर संज्ञान लेते हुए जिम्मेदार अधिकारियों के ढुलमुल रवैये पर सख्त नाराजगी जताई और अधिकारियों को निर्देशित किया कि एक या दो दिनों में पूर्व में नियमित किए गए 532 भूखंडों की कागजी कार्रवाई पूरी की जाए।
महापौर ने बैठक में उपस्थित तुलसी नगर रहवासी संघ के पदाधिकारियों को आश्वस्त कि तुलसी नगर के शेष भूखंडों को नियमित कराने की प्रक्रिया भी जल्द शुरू की जाएगी, ताकि रहवासियों की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं का निदान हो सके। बैठक में एसडीएम घनश्याम, नगर निगम कॉलोनी सेल के प्रभारी सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे। तुलसी नगर रहवासी संघ का प्रतिनिधित्व राजेश तोमर, शिव बहादुर सिंह, संजय यादव, राहुल ठक्कर एवं नीरजकांत तिवारी द्वारा किया गया।
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वार्ड क्रमांक 36-37 रहवासी महासंघ के संयोजक केके झा ने कहा कि तुलसी नगर के नियमितीकरण को लेकर यहां के रहवासी वर्षों से संघर्ष कर रहे हैं। रहवासियों के लंबे संघर्ष के पश्चात पूर्व कलेक्टर डॉ. टी इलियाराजा के निर्देशन में तुलसी नगर के प्लॉटों की जांच करवाकर 532 प्लॉटों का अनापत्ति प्रमाणपत्र नगर निगम को विधानसभा चुनाव से पूर्व ही भेज दिया गया था। नगर निगम के अधिकारियों की शिथिलता के कारण तुलसी नगर के इन प्लॉटों के नियमितीकरण की कार्रवाई तीन महीने बाद भी पूरी नहीं की जा सकी है।