इंदौर के रालामंडल अभयारण्य में आने वाले पर्यटकों को जल्द ही तितलियों की एक खूबसूरत दुनिया का अनुभव मिलने वाला है। शहर में चल रही दो दिवसीय वर्कशॉप के दौरान तितली पार्क की सौगात पर्यटकों को मिलने जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि पार्क के शुभारंभ से जुड़ी सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और संभावना है कि होटल मेरिएट में चल रही वर्कशॉप के दौरान ही वरिष्ठ अधिकारी इसका वर्चुअल उद्घाटन करेंगे। करीब तीन साल पहले रालामंडल में 0.75 हेक्टेयर जमीन पर इस पार्क का निर्माण कार्य शुरू हुआ था, जो पिछले वर्ष के अंतिम माह तक पूर्ण हो गया था। इस प्रोजेक्ट पर अब तक करीब 10 लाख रुपये खर्च हो चुके हैं। पार्क में तितलियों की पसंद के पेड़-पौधे भी विशेष रूप से लगाए गए हैं।
35 प्रजातियों की तितलियों का बसेरा
रालामंडल में तितली विशेषज्ञों द्वारा किए गए विस्तृत सर्वेक्षण में अब तक लगभग 35 विभिन्न प्रजातियों की तितलियां दर्ज की जा चुकी हैं। इनमें प्लेन टाइगर, ब्लू टाइगर, स्ट्रिप्ड टाइगर, बारोनेट, कॉमन कैस्टर, कॉमन क्रो, लेमन पैन्सी, चॉकलेट पैन्सी, कॉमन लेपर्ड, ग्रेट एग फ्लाई, कॉमन ग्रास टोलो, स्पॉटलेस ग्रास टोलो, स्मल ग्रास टोलो और पायोनीर जैसी दुर्लभ प्रजातियां भी शामिल हैं। ये तितलियां न केवल जैव विविधता को समृद्ध करेंगी, बल्कि पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र भी बनेंगी।
शुभारंभ की तारीख जल्द होगी घोषित
रालामंडल अभयारण्य के रेंजर योगेश यादव ने बताया कि तितली पार्क की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और इसे वर्कशॉप के दौरान लॉन्च करने का प्रस्ताव रखा गया है। होटल मेरिएट में जारी इस दो दिवसीय वर्कशॉप में ही इसका वर्चुअल उद्घाटन किए जाने की योजना है। हालांकि, तिथि को लेकर अंतिम निर्णय वरिष्ठ अधिकारियों द्वारा लिया जाना बाकी है। यादव ने आश्वासन दिया कि जल्द ही तिथि की औपचारिक घोषणा की जाएगी।
इको-टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा
तितली पार्क के शुभारंभ से रालामंडल अभयारण्य को नई पहचान मिलेगी और इको-टूरिज्म को बड़ा प्रोत्साहन मिलेगा। प्रकृति प्रेमियों और फोटोग्राफी के शौकीनों के लिए यह पार्क एक विशेष आकर्षण बनेगा। विशेषज्ञों का मानना है कि तितलियों की मौजूदगी किसी भी पारिस्थितिकी तंत्र की सेहत को दर्शाती है, और यह पार्क पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगा। इससे स्थानीय वनस्पति और जीव-जंतुओं के प्रति लोगों की रुचि भी बढ़ेगी।