फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Indore: स्वच्छता में नंबर वन बनने के लिए फिर मैदान में, मेयर ने बस स्टैंड पर जाकर साफ किए रेड स्पाॅट

Sat, 07 Feb 2026 11:25 AM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

स्वच्छता में लगातार आठ बार शीर्ष पर रहने वाले इंदौर ने अब 'नो थू-थू' अभियान का शंखनाद किया है। स्वच्छता सर्वेक्षण 2026 के बदले हुए नियमों को देखते हुए मेयर पुष्यमित्र भार्गव ने स्वयं सड़कों पर उतरकर दीवारों से पान-गुटखे के दाग साफ किए।
विज्ञापन
लाल दाग साफ करते मेयर। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आठ साल से लगातार स्वच्छता में नंबर वन का खिताब हासिल करने वाले इंदौर नगर निगम ने अपना पहला क्रम बरकरार रखने के लिए फिर तैयारी शुरू कर दी है। शहर में नो थू-थू अभियान शुरू किया गया है। लोगों को जागरूक किया जा रहा है, ताकि वे पान-गुटखे की पीक सड़कों पर या सार्वजनिक दीवारों पर न थूकें। मेयर पुष्यमित्र भार्गव इस अभियान की अगुवाई करते हुए सरवटे बस स्टैंड पहुंचे और लाल धब्बों के निशान उन्होंने खुद साफ किए। उनके साथ खड़े बच्चों व युवकों ने तख्तियों के माध्यम से यह संदेश दिया कि शहर को स्वच्छ बनाएं, यहां-वहां न थूकें।

विज्ञापन

 

दरअसल इस बार स्वच्छता सर्वेक्षण 2026 के नियमों में बदलाव किया गया है। सर्वेक्षण के लिए कुल 12,500 अंक निर्धारित किए गए हैं। रैंकिंग सुधारने के लिए शहरों को कचरा प्रबंधन को और व्यापक बनाना होगा। इस बार रैंकिंग केवल कचरा उठाने से तय नहीं होगी। सार्वजनिक स्थानों और सरकारी दफ्तरों की दीवारों पर पान-गुटखा के दाग मिलने पर रैंकिंग नीचे गिर सकती है। शहरों को रेड स्पॉट मुक्त बनाने पर विशेष जोर दिया जा रहा है।


इस कारण इंदौर नगर निगम ने भी नो थू-थू अभियान शुरू किया है। इसके अलावा डिजिटल फीडबैक और निगरानी जनता से फीडबैक लेने की प्रक्रिया को पूरे साल के लिए खुला रखा गया है। लोग वोट फॉर माय सिटी ऐप, स्वच्छता ऐप और क्यूआर कोड के माध्यम से अपनी राय दे सकते हैं। कचरा प्रबंधन की पूरी प्रक्रिया की अब ऑनलाइन निगरानी और डिजिटल ऑडिट किया जाएगा।

डिवाइडरों पर होते हैं सबसे ज्यादा रेड स्पॉट

विज्ञापन


शहर में सबसे ज्यादा रेड स्पॉट सिग्नलों के डिवाइडरों पर होते हैं। चालक जब सिग्नल पर रुकते हैं तो वे गुटखा थूकते हैं और उसके दाग डिवाइडरों पर होते हैं। इसके अलावा बस स्टेशन, रेलवे स्टेशन की दीवारों, सार्वजनिक शौचालयों में भी सबसे ज्यादा रेड स्पॉट रहते हैं।

विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें