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Indore: 61 साल पुराना नेहरू स्टेडियम नहीं बन सका स्पोटर्स काम्प्लेक्स, बिल्डिंग भी हो गई खतरनाक

Fri, 11 Oct 2024 06:27 PM IST
अभिषेक चेंडके न्यूज डेस्क, अमर उजाला, इंदौर

सार

इंदौर में वर्ष 1963 में नेहरू स्टेडियम बनकर तैयार हुआ था। 61 साल पुराने इस स्टेडियम में 15 से ज्यादा खेल संगठनों के कार्यालय है। खेल संगठनों की नाराजगी नगर निगम की बेरुखी को लेकर है,क्योकि किराया लेने के बावजूद बिल्डिंग का रखरखाव नहीं होता है।
 
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स्टेडियम के कई हिस्से खतरनाक हो गए। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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इंदौर की खेल गतिविधियों के नेहरू स्टेडियम को तोड़कर पांच सौ करोड़ की लागत से नया स्पोटर्स काम्प्लेक्स बनाने की योजना तैयार हो गई, लेकिन उस पर काम नहीं हो सका। अब न तो नया स्टेडियम बन पा रहा है और न ही पुराने स्टेडियम का रखरखाव करने में नगर निगम रूचि ले रहा है।

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61 साल पुराने स्टेडियम के कई हिस्से खतरनाक हो चुके है और अभी भी कई कक्षों में खेल गतिविधियां संचालित हो रही है। इंदौर खेल गतिविधियों का बड़ा केंद्र बन रहा है, लेकिन यहां खिलाडि़यों के लिए बेहतर सुविधाएं नहीं है।

पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज की घोषणा ठंडे बस्ते में

इंदौर के गौरव दिवस पर पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नेहरू स्टेडियम को तोड़कर नया स्टेडियम बनाने की घोषणा की। नगर निगम ने पीपीपी मॉडल पर इसे बनाने की योजना तैयार की। जिसकी अनुमानित लागत 500 करोड़ रुपये तक आ  रही थी। नए स्पोटर्स काम्प्लेक्स के एक हिस्से का कर्मशियल उपयोग करने की प्लानिंग थी, ताकि प्रोजेक्ट की लागत निकल सके।
 

इस स्पोर्ट्स कॉम्पलेक्स में 50 से ज्यादा दुकानें, फूड कोर्ट रखने की योजना स्मार्ट सिटी कंपनी ने बनाई थी लेकिन दो साल बाद भी इस योजना पर काम नहीं हो पाया। खेल गतिविधियों से जुड़े  एमपीसी के पदाधिकारी राजू चौहान कहते है कि नेहरू स्टेडियम की लोकेशन काफी अच्छी है। यहां नया स्टेडियम बनना चाहिए। इससे इंदौर के आसपास की खेल प्रतिभाएं भी लाभान्वित होगी।

 

15 खेल संगठनों के कार्यालय है स्टेडियम में

इंदौर में वर्ष 1963 में नेहरू स्टेडियम बनकर तैयार हुआ था। 61 साल पुराने इस स्टेडियम में 15 से ज्यादा खेल संगठनों के कार्यालय है। खेल संगठनों की नाराजगी नगर निगम की बेरुखी को लेकर है,क्योकि किराया लेने के बावजूद बिल्डिंग का रखरखाव नहीं होता है।

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 चुनाव के समय प्रशासन इस स्टेडियम का अधिगृहण कर लेता है। तब तक माह तक खेल गतिविधियां प्रभावित रहती है। बाहर से आने वाले सुरक्षा बलों को भी स्टेडियम के कक्षों में ठहराया जाता है। खेल गतिविधियों के अलावा दूसरे कामों में भी इसका उपयोग होता है।


पहले यहां इंटरनेशनल मैच भी होते थे,लेकिन पिच खराब होने के कारण एक मैच रद्द हो गया था। इसके बाद एमपीसीए ने खुद का स्टेडियम बनाया। अब अंतरार्राष्ट्रीय मुकाबले वहां खेले जाते है। नेहरू स्टेडियम शहर की विरासत है। स्टेडियम में अंतरर्राष्ट्रीय स्तर के कई मैच हुए। इस स्टेडियम में सचिन तेंदुलकर के 10 हजार रन इस स्टेडियम में पूरे हुए थे।

 

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