कैचमेंट क्षेत्र में लगातार हो रही भारी बारिश के चलते बरगी बांध का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। डिंडोरी और मंडला में लगातार बारिश के बाद बांध प्रशासन ने जलस्तर को सुरक्षित सीमा में रखने के लिए नौ गेट खोल दिए हैं। सभी गेट औसतन 1.07 मीटर की ऊंचाई तक खोले गए हैं। इनके जरिए नर्मदा नदी में प्रति सेकेंड 1,200 क्यूसेक से अधिक पानी छोड़ा जा रहा है।
बांध के नियंत्रण कक्ष के अनुसार ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में तेज बारिश के कारण बांध में पानी की आवक अचानक बढ़ गई थी। इसके बाद जलस्तर नियंत्रित करने के लिए गेट खोले गए। सिंचाई विभाग के अधिकारियों के मुताबिक मंडला और डिंडोरी से आ रहे पानी की सुरक्षित निकासी जरूरी थी। बांध प्रशासन जलस्तर और पानी की आवक पर लगातार नजर रख रहा है।
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नर्मदा किनारे के इलाकों में अलर्ट
नर्मदा घाटी विकास प्राधिकरण ने जबलपुर समेत निचले इलाकों के जिला प्रशासन को सतर्क रहने के लिए पत्र भेजा है। कार्यपालन यंत्री ने नर्मदा नदी के तटीय क्षेत्रों, घाटों और निचले जलभराव वाले इलाकों में रहने वाले लोगों को सावधानी बरतने की हिदायत दी है।
स्थानीय प्रशासन ने नदी के आसपास के क्षेत्रों में लोगों को सतर्क करने के लिए मुनादी कराई है। राजस्व विभाग और होमगार्ड की टीमों को संवेदनशील घाटों पर तैनात किया गया है, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार अगले 24 घंटे में ऊपरी जलग्रहण क्षेत्रों में फिर बारिश हो सकती है। ऐसे में बांध से पानी की निकासी बढ़ाई जा सकती है। प्रशासन ने लोगों से नर्मदा के तटीय क्षेत्रों और घाटों से दूरी बनाए रखने की अपील की है।