गुना जिले के राघौगढ़ इलाके में झोपड़ी में आग लगने से एक बुजुर्ग जिंदा जल गया। बुजुर्ग ने ठंड में तापने के लिए आग जलाई थी, इसके बाद वह सो गया। देर रात में झोपड़ी में आग लग गई। सुबह उसका कंकाल मिला। सूचना मिलते ही पुलिस और फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंची, जहां बुजुर्ग के नर कंकाल बरामद कर पोस्टमॉर्टम के लिए भिजवा दिया है।
जानकारी के अनुसार, जंजाली चौकी इलाके गोडिया गांव में रहने वाले गोविंद सिंह भील (80) खेती करते थे। उनके खेत पर इन दिनों सिंचाई चल रही है। इस कारण वह खेत पर झोपड़ी बनाकर रह रहे थे। सोमवार रात को ठंड से बचने के लिए उन्होंने आग जलाई। कुछ देर आग तापने के बाद वह झोपड़ी में जाकर सो गए। रात ढाई से तीन बजे के बीच झोपड़ी में आग लग गई। आग तेजी से फैली, इस कारण वह बाहर नहीं निकल पाए। झोपड़ी में ही उनकी जलने से मौत हो गई। कुछ ही दूरी पर उनके परिवार वाले भी दूसरे खेत पर थे। उन्हें जब तक पता लगा और वो मौके पर पहुंचे, तब तक गोविंद सिंह की मौत हो चुकी थी।
बुजुर्ग का शरीर कंकाल बन चुका था। मंगलवार को पुलिस को सूचना दी गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कंकाल को पोस्टमॉर्टम के लिए राघौगढ़ भिजवाया। राघौगढ़ SDOP दीपा डुडवे ने बताया कि 80 वर्षीय गोविंद सिंह अपनी झोपड़ी में सो रहे थे। उसमें आग लगने से उनकी मौत हो गई। तापने के लिए आग जलाई थी, जिससे झोपड़ी में आग लगी है।