मध्यप्रदेश के धार स्थित ऐतिहासिक भोजशाला मामले में मुस्लिम पक्ष की ओर से दायर याचिकाओं पर बुधवार को भी सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई नहीं हो सकी। इससे पहले 5 अगस्त को भी सुनवाई टल गई थी। तब सुप्रीम कोर्ट ने अगली सुनवाई के लिए 12 अगस्त की तारीख तय की थी। हालांकि, बुधवार को भी मामले की सुनवाई नहीं हो पाई। अब अगली सुनवाई की नई तारीख का इंतजार है।
176वें नंबर पर लिस्टेड है
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुप्रीम कोर्ट में आज यह प्रकरण 176वें नंबर पर लिस्टेड था। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए दोपहर तक ही यह स्थिति स्पष्ट हो पाएगी कि आज इस पर सुनवाई हो पाती है या नहीं। हालांकि आज भी सुनवाई टल गई। इससे पहले अगस्त माह के शुरुआती दिनों में भी सुनवाई टल चुकी है, जिसके बाद से तारीख का इंतजार किया जा रहा है। दरअसल, इंदौर हाईकोर्ट ने 15 मई 2026 को दिए अपने एक ऐतिहासिक फैसले में भोजशाला को मां सरस्वती का मंदिर घोषित किया था और हिंदू पक्ष को वहां नियमित पूजा-अर्चना करने की अनुमति प्रदान की थी। इसी निर्णय को चुनौती देते हुए मुस्लिम पक्ष के प्रतिनिधियों ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।
ये भी पढ़ें-
एमपी से महाराष्ट्र तक अलर्ट: भीमगढ़ बांध के खोले गए गेट, उफान पर वैनगंगा नदी; कई जिलों पर मंडराया बाढ़ का खतरा
व्यवस्था और अंतरिम आदेश
इस कानूनी प्रक्रिया के बीच, सुप्रीम कोर्ट ने 14 जुलाई को एक अंतरिम आदेश जारी किया था, जिसमें प्रशासन को मुस्लिम समाज के लिए जुमे की नमाज के वास्ते वैकल्पिक और नजदीक जगह की व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए थे। शुरुआत में प्रशासन द्वारा सुझाई गई ‘चालीस पीर दरगाह’ की जगह पर मुस्लिम समाज ने दूरी का हवाला देते हुए आपत्ति जताई थी। विवाद और आपत्तियों के समाधान के बाद, प्रशासन ने भोजशाला के पिछले हिस्से की दाहिनी ओर स्थित खसरा नंबर 612 की जमीन को जुमे की नमाज के लिए तय किया। प्रशासनिक सुरक्षा के कड़े इंतजाम के बीच पिछले दो शुक्रवार से इसी निर्धारित जमीन पर शांतिपूर्ण ढंग से जुमे की नमाज अदा की जा रही है। अब सभी की निगाहें सुप्रीम कोर्ट की आज की कार्यवाही और उस पर आने वाले संभावित रुख पर टिकी हुई हैं।